- अपना घर बनाने के लिए ₹2.50 लाख पाएं
- होम लोन पर ₹1.80 लाख तक की सब्सिडी पाएं
- सरकारी मदद से बना-बनाया घर खरीदें
- प्रवासी कामगारों के लिए किफायती दरों पर किराया
- PMAY शहरी संपर्क नंबर:
- 011-23063285
- 011-23060484
- PMAY-शहरी ईमेल: [email protected]
योजना का अवलोकन | |
|---|---|
| योजना का नाम | प्रधान मंत्री आवास योजना शहरी 2.0 |
| शुरू होने का वर्ष | 2015 |
| लाभ | घर निर्माण के लिए सहायता |
| लाभार्थी | शहरी क्षेत्रों के EWS, LIG और MIG परिवार |
| नोडल विभाग | आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय, भारत सरकार |
| सब्सक्रिप्शन | योजना की निरंतर जानकारी के लिए यहाँ सब्सक्राइब करे। |
| आवेदन का तरीका | ऑनलाइन और ऑफलाइन आवेदन प्रक्रिया के माध्यम से |
योजना के बारे में
प्रधानमंत्री आवास योजना भारत सरकार की आवास योजना है जो परिवारों को उनका खुद का घर पाने में मदद करती है। इस योजना के दो भाग हैं - PMAY-ग्रामीण जो ग्रामीण परिवारों के लिए है और PMAY-शहरी जो शहरी परिवारों के लिए है। यह लेख PMAY-शहरी 2.0 के बारे में है, जो खास तौर पर शहरों और कस्बों में रहने वाले लोगों के लिए है।
PMAY-शहरी 2.0 को 1 सितंबर 2024 को लॉन्च किया गया था जिसका लक्ष्य है कि अगले 5 सालों में 1 करोड़ शहरी परिवारों को उनका खुद का घर मिल सके। यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग, निम्न आय वर्ग और मध्यम आय वर्ग के उन परिवारों को वित्तीय सहायता देती है जिनके पास भारत में कहीं भी पक्का घर नहीं है।
यह योजना चार अलग-अलग विकल्पों के माध्यम से काम करती है ताकि अलग-अलग जरूरतों को पूरा किया जा सके:
- लाभार्थी आधारित निर्माण (BLC): अपनी जमीन पर घर बनाने के लिए ₹2.50 लाख पाएं (केवल EWS के लिए)
- साझेदारी में किफायती आवास (AHP): सरकारी सब्सिडी के साथ तैयार घर खरीदें (केवल EWS के लिए)
- ब्याज सब्सिडी योजना (ISS): अपने होम लोन पर ₹1.80 लाख तक की सब्सिडी पाएं (EWS, LIG, MIG के लिए)
- किफायती किराया आवास (ARH): बहुत कम किराए पर घर किराए पर लें (प्रवासी श्रमिकों के लिए)
आप अपनी स्थिति के अनुसार कोई भी एक विकल्प चुन सकते हैं। यह योजना पूरे भारत के सभी शहरों और कस्बों को कवर करती है। महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगजनों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के परिवारों को प्राथमिकता दी जाती है।
योजना के लाभ
पीएम आवास योजना शहरी में मिलने वाले लाभ लाभार्थियों को श्रेणी के अनुसार दिए जाते है, जो कुछ इस प्रकार से है: -
EWS श्रेणी के लिए (लाभार्थी आधारित निर्माण - BLC):
- सरकार ₹2.50 लाख की कुल सहायता देती है (केंद्र + राज्य मिलाकर)
- आपको अपनी तरफ से घर की कुल लागत का कम से कम 25% देना होगा
- पैसा सीधे आपके बैंक खाते में DBT के माध्यम से 3 किस्तों में आता है (40% + 40% + 20%)
- अपनी जमीन पर खुद का घर बनाएं (30-45 वर्ग मीटर आकार)
- घर महिला के नाम पर या पति के साथ संयुक्त रूप से होना चाहिए
EWS श्रेणी के लिए (साझेदारी में किफायती आवास - AHP):
- सरकार ₹2.50 लाख की सहायता देती है (घर की कीमत में समायोजित)
- सभी सुविधाओं (पानी, बिजली, सड़क, नाली) के साथ तैयार घर
- बड़े शहरों में 60 वर्ग मीटर तक, अन्य शहरों में 90 वर्ग मीटर तक घर का आकार
- घर की कीमत अधिकतम ₹45 लाख तक
- अगर नवीन निर्माण तकनीक का उपयोग किया जाता है तो ₹30,000 की अतिरिक्त राशि
LIG/MIG श्रेणी के लिए (ब्याज सब्सिडी योजना - ISS):
- अपने होम लोन पर ₹1.80 लाख तक की ब्याज सब्सिडी पाएं
- ₹35 लाख तक के घर के लिए आपका लोन ₹25 लाख तक हो सकता है
- 120 वर्ग मीटर तक के घर का आकार अनुमति है
- सब्सिडी 5 सालाना किस्तों में सीधे आपके लोन खाते में दी जाती है
- आपकी मासिक EMI काफी कम हो जाती है, या आपके लोन की अवधि छोटी हो जाती है
- होम लोन पर प्रोसेसिंग फीस नहीं लगती (सरकार बैंक को ₹4,000 देती है)
- EWS (₹3L तक की आय), LIG (₹3-6L), MIG (₹6-9L) के लिए लागू
प्रवासी श्रमिकों और शहरी गरीबों के लिए (किफायती किराया आवास - ARH):
- बहुत कम किराए पर घर किराए पर लें (बाजार किराए से काफी कम)
- डॉर्मिटरी बेड या व्यक्तिगत कमरे उपलब्ध हैं
- बुनियादी सुविधाएं दी जाती हैं (बिस्तर, शौचालय, रसोई, स्टोरेज)
- घर खरीदने की जरूरत नहीं, बस मासिक किराया दें
सभी के लिए सामान्य लाभ:
- महिलाओं, विधवाओं, दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों को प्राथमिकता
- SC/ST, अल्पसंख्यकों, फेरीवालों और सफाई कर्मचारियों के लिए विशेष लाभ
- भूकंप/बाढ़ सुरक्षा मानकों के अनुसार घर बनाया जाता है
- जियो-टैगिंग (हर स्तर पर GPS फोटो) के माध्यम से निर्माण की निगरानी
- गुणवत्तापूर्ण निर्माण के लिए तकनीकी मार्गदर्शन
- दस्तावेजों में महिला का नाम जोड़ने पर स्टाम्प ड्यूटी में छूट
- 5 साल की लॉक-इन अवधि (इस दौरान घर बेच/किराए पर नहीं दे सकते)
पात्रताएं
मूल पात्रता शर्तें:
- योजना के तहत कवर किए गए शहरी क्षेत्रों में रहने वाले EWS/LIG/MIG श्रेणी के परिवार
- भारत में कहीं भी पक्का घर नहीं होना चाहिए (अपने नाम या किसी परिवार के सदस्य के नाम पर)
- MIS में एकीकृत सभी परिवार के सदस्यों के लिए आधार/आधार वर्चुअल ID होना चाहिए
- पिछले 20 सालों में किसी केंद्रीय/राज्य/UT/स्थानीय सरकार की आवास योजना के तहत घर नहीं मिला होना चाहिए
आय मानदंड (वार्षिक पारिवारिक आय):
- EWS (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग): प्रति वर्ष ₹3 लाख तक
- LIG (निम्न आय समूह): प्रति वर्ष ₹3 लाख से ₹6 लाख
- MIG (मध्यम आय समूह): प्रति वर्ष ₹6 लाख से ₹9 लाख
- राज्य/UTs स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार MoHUA की सहमति से आय मानदंड को फिर से परिभाषित कर सकते हैं
लाभार्थी आधारित निर्माण (BLC) वर्टिकल के लिए:
- केवल EWS श्रेणी से होना चाहिए
- कानूनी विवादों से मुक्त वैध दस्तावेजों के साथ जमीन का मालिक होना चाहिए
- जमीन घर निर्माण के लिए उपयुक्त होनी चाहिए
- महिला के नाम पर या पति के साथ संयुक्त रूप से जमीन होनी चाहिए
- अपने खुद के फंड से न्यूनतम 25% योगदान करना होगा
भागीदारी में किफायती आवास (AHP) वर्टिकल के लिए:
- केवल EWS श्रेणी से होना चाहिए
- महानगरों में ₹45 लाख तक और अन्य शहरों में राज्यों द्वारा निर्धारित कीमत वाले घर के लिए
- घर महिला के नाम पर या संयुक्त रूप से होना चाहिए
- विकासकर्ता/एजेंसी या राज्य द्वारा संचालित परियोजनाओं के माध्यम से
ब्याज सब्सिडी योजना (ISS) वर्टिकल के लिए:
- EWS (₹3L तक), LIG (₹3-6L), या MIG (₹6-9L) श्रेणी से होना चाहिए
- ₹35 लाख तक की कीमत और 120 वर्ग मीटर तक के कारपेट एरिया वाली संपत्ति
- नया घर खरीदना या निर्माण करना (1 सितंबर 2024 या उसके बाद)
- अधिकतम ₹25 लाख तक का होम लोन
- महिला के नाम पर या संयुक्त रूप से संपत्ति होनी चाहिए
- परिवार में किसी ने पहले PMAY लाभ नहीं लिया होना चाहिए
किफायती किराया आवास (ARH) वर्टिकल के लिए:
- शहरी क्षेत्रों में रहने वाले प्रवासी श्रमिक या शहरी गरीब
- अस्थायी या मौसमी रोजगार में लगे लोग
- बाजार किराए पर घर लेने में असमर्थ
- कोई विशिष्ट आय सीमा नहीं है, लेकिन आर्थिक रूप से कमजोर होना चाहिए
आवश्यक दस्तावेज
योजना में आवेदन करते समय आवेदक को पात्रता अनुसार निम्नलिखित दस्तावेज अपलोड करने होंगे:
सभी श्रेणियों के लिए सामान्य दस्तावेज:
- आधार कार्ड (सभी परिवार के सदस्यों का)
- पते का प्रमाण (बिजली बिल, राशन कार्ड, वोटर ID)
- आय प्रमाण पत्र (तहसीलदार/SDM द्वारा जारी)
- बैंक खाता पासबुक (DBT के लिए आधार से लिंक)
- पासपोर्ट साइज फोटो
- मोबाइल नंबर
- घर न होने का शपथ पत्र (संबंधित फॉर्मेट में)
- परिवार की संरचना का प्रमाण (राशन कार्ड या घोषणा पत्र)
लाभार्थी आधारित निर्माण (BLC) के लिए:
- जमीन के स्वामित्व के दस्तावेज (सेल डीड, खाता खतौनी)
- जमीन के दस्तावेज महिला के नाम पर या संयुक्त रूप से
- जमीन कानूनी विवाद से मुक्त होने का प्रमाण
- नगर निकाय से अनापत्ति प्रमाण पत्र (यदि आवश्यक हो)
साझेदारी में किफायती आवास (AHP) के लिए:
- बिल्डर-खरीदार समझौता
- फ्लैट आवंटन पत्र
- भुगतान रसीदें
- RERA पंजीकरण प्रमाणपत्र (यदि लागू हो)
ब्याज सब्सिडी योजना (ISS) के लिए:
- होम लोन आवेदन फॉर्म (बैंक/HFC से)
- संपत्ति के दस्तावेज (सेल डीड, अग्रीमेंट)
- बिक्री समझौता या बिल्डर-खरीदार समझौता
- RERA पंजीकरण प्रमाणपत्र (यदि लागू हो)
- वेतन पर्ची/ITR (पिछले 6 महीने)
अतिरिक्त दस्तावेज (यदि लागू हो):
- जाति प्रमाण पत्र (SC/ST/OBC के लिए)
- विकलांगता प्रमाण पत्र (दिव्यांगजनों के लिए)
- विधवा प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
आवेदन प्रक्रिया
PM आवास योजना शहरी 2.0 के लिए आवेदन प्रक्रिया आपकी श्रेणी के अनुसार अलग-अलग है; नीचे हमने श्रेणी के अनुसार प्रक्रिया साझा की है:
लाभार्थी आधारित निर्माण (BLC) वर्टिकल के लिए:
- pmay-urban.gov.in पर जाएं और ऑनलाइन पंजीकरण करें, या अपने स्थानीय शहरी स्थानीय निकाय (ULB) कार्यालय में जाएं
- व्यक्तिगत विवरण, आधार नंबर, परिवार के विवरण और आय की जानकारी के साथ आवेदन फॉर्म भरें
- आवश्यक दस्तावेज जमा करें - जमीन के स्वामित्व का प्रमाण, पहचान प्रमाण, पते का प्रमाण, आय प्रमाण पत्र
- ULB आपके दस्तावेजों, जमीन के स्वामित्व, आय की स्थिति और मौजूदा घर की स्थिति की जांच करता है
- ULB सत्यापित लाभार्थी सूची के साथ शहर-व्यापी प्रस्ताव तैयार करता है
- राज्य स्तरीय मूल्यांकन समिति (SLAC) प्रस्ताव की जांच करती है
- राज्य स्तरीय स्वीकृति और निगरानी समिति (SLSMC) राज्य स्तर पर मंजूरी देती है
- केंद्रीय स्वीकृति और निगरानी समिति (CSMC) अंतिम मंजूरी देती है
- आपको मंजूर राशि के साथ स्वीकृति का SMS नोटिफिकेशन मिलता है
- घर का निर्माण शुरू करें (30-45 वर्ग मीटर कारपेट एरिया, दो कमरे, रसोई, शौचालय)
- NBC मानकों के अनुसार 12 महीने के भीतर निर्माण पूरा करें
- पहली किस्त (40%) नींव/प्लिंथ की जियो-टैगिंग के बाद जारी होती है
- दूसरी किस्त (40%) लिंटेल स्तर की जियो-टैगिंग के बाद जारी होती है
- अंतिम किस्त (20%) निर्माण पूरा होने की जियो-टैगिंग के बाद जारी होती है
- ULB से पूर्णता प्रमाण पत्र प्राप्त करें
साझेदारी में किफायती आवास (AHP) वर्टिकल के लिए:
- PMAY-U एकीकृत वेब पोर्टल पर अपनी मांग पंजीकृत करें
- आय श्रेणी, परिवार के विवरण और आधार जानकारी दें
- विकासकर्ता या सार्वजनिक एजेंसी आपकी EWS पात्रता की जांच करती है
- परियोजना ULB → SLAC → SLSMC → CSMC के माध्यम से मंजूर होती है
- आपको यूनिट विवरण और भुगतान अनुसूची के साथ घर आवंटन पत्र मिलता है
- नियम और शर्तों के साथ बिल्डर-खरीदार समझौते पर हस्ताक्षर करें
- अनुसूची के अनुसार भुगतान करें (केंद्रीय सहायता कुल लागत में समायोजित)
- MIS पोर्टल के माध्यम से निर्माण प्रगति को ट्रैक करें
- अपनी यूनिट का प्री-डिलीवरी निरीक्षण करें
- परियोजना पूरा होने और अंतिम भुगतान के बाद कब्जा लें
- कब्जा प्रमाण पत्र और घर की चाबियां प्राप्त करें
- महिला सदस्य को मालिक/सह-मालिक के रूप में संपत्ति पंजीकरण पूरा करें
ब्याज सब्सिडी योजना (ISS) वर्टिकल के लिए:
- प्राथमिक उधार संस्थान (PLI) के रूप में सूचीबद्ध बैंक या हाउसिंग फाइनेंस कंपनी से संपर्क करें
- संपत्ति चुनें (120 वर्ग मीटर तक का कारपेट एरिया, ₹35 लाख तक की कीमत)
- सभी आवश्यक दस्तावेजों के साथ होम लोन आवेदन जमा करें
- बताएं कि आप PMAY-U 2.0 ISS लाभ लेना चाहते हैं
- PLI आपकी पात्रता, आय, संपत्ति दस्तावेज और क्रेडिट स्कोर की जांच करता है
- सब्सिडी गणना के साथ लोन स्वीकृत होता है (पहले ₹8 लाख पर 12 साल के लिए 4%)
- स्वीकृति पत्र में ₹1.80 लाख तक की कुल सब्सिडी (NPV ₹1.50 लाख) का उल्लेख होता है
- लोन राशि वितरित की जाती है (1 सितंबर 2024 या उसके बाद की संपत्ति के लिए)
- PLI केंद्रीय नोडल एजेंसी (CNA) को आपका सब्सिडी दावा जमा करता है
- CNA दावे की जांच करता है और मंत्रालय को भेजता है
- मंत्रालय 5 समान वार्षिक किस्तों में सब्सिडी जारी करता है
- प्रत्येक किस्त आपके लोन खाते में मूलधन पूर्व भुगतान के रूप में जमा होती है
- आपकी EMI कम हो जाती है या आपके लोन की अवधि छोटी हो जाती है
- कम EMI के माध्यम से शेष लोन चुकाएं
- 5 साल की लॉक-इन अवधि के दौरान संपत्ति नहीं बेच सकते
किफायती किराया आवास (ARH) वर्टिकल के लिए:
- अपने शहर में ARH परियोजनाओं के लिए PMAY-U पोर्टल चेक करें
- ARH सुविधा संचालित करने वाले कंसेशनेयर से संपर्क करें
- पहचान प्रमाण, रोजगार प्रमाण और आय प्रमाण जमा करें
- कंसेशनेयर प्रवासी श्रमिक या शहरी गरीब के रूप में आपकी पात्रता की जांच करता है
- डॉर्मिटरी बेड या व्यक्तिगत आवास इकाई का आवंटन पाएं
- किराए की राशि और शर्तों के साथ किराया समझौते पर हस्ताक्षर करें
- किफायती किराया दें (बाजार दरों से कम)
- बुनियादी सुविधाओं वाली इकाई में रहें
महत्वपूर्ण पत्र
- पीएमएवाई शहरी बीएलसी स्वः घोषणा पत्र।
- पीएमएवाई शहरी एएचपी स्वः घोषणा पत्र।
- पीएमएवाई शहरी आईएसएस स्वः घोषणा पत्र।
महत्वपूर्ण लिंक
- प्रधान मंत्री आवास योजना शहरी आधिकारिक पोर्टल।
- प्रधान मंत्री आवास योजना शहरी दिशानिर्देश।
- प्रधान मंत्री आवास योजना शहरी 2.0 ऑनलाइन आवेदन फॉर्म।
संपर्क जानकारी
- PMAY शहरी संपर्क नंबर:
- 011-23063285
- 011-23060484
- PMAY-शहरी ईमेल: [email protected]
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
हां, आप आवेदन कर सकते हैं। यह योजना उन लोगों के लिए है जिनके पास पक्का (स्थायी) घर नहीं है। ULB मंजूरी से पहले आपके घर की स्थिति की जांच करेगा।
घर महिला के नाम पर (आपकी मां/बहन अगर आपके साथ रहती हैं) या संयुक्त रूप से होना चाहिए। केवल तभी अगर आपके परिवार में कोई वयस्क महिला सदस्य नहीं है, तो यह आपके नाम पर हो सकता है।
BLC/AHP के लिए: कुल ₹2.50 लाख 3 किस्तों में - 40% नींव के बाद, 40% लिंटेल के बाद, 20% पूर्णता के बाद। ISS के लिए: ₹1.80 लाख तक 5 वार्षिक किस्तों में सीधे लोन खाते में।
नहीं। 5 साल की अनिवार्य लॉक-इन अवधि है। अगर आप 5 साल से पहले बेचते हैं, तो पूरी सहायता राशि ब्याज के साथ वसूल की जाएगी।
आप BLC के लिए आवेदन नहीं कर सकते (केवल ₹3 लाख तक की आय वाले EWS के लिए)। आप ISS (ब्याज सब्सिडी) के लिए आवेदन कर सकते हैं क्योंकि आप MIG श्रेणी में आते हैं। होम लोन लें और ₹1.80 लाख तक की सब्सिडी पाएं।
नहीं। आप केवल एक ही वर्टिकल चुन सकते हैं। प्रत्येक व्यक्ति/परिवार जीवन में केवल एक बार लाभ ले सकता है।
जियो-टैगिंग का मतलब है आपके घर के निर्माण के अलग-अलग चरणों में GPS स्थान वाली फोटो लेना। यह पारदर्शिता सुनिश्चित करता है और धोखाधड़ी रोकता है। जियो-टैगिंग के बाद ही भुगतान जारी होता है।
अगर आप भूमिहीन EWS लाभार्थी हैं, तो आपकी राज्य सरकार आपको भूमि अधिकार (पट्टा) दे सकती है। एक बार जमीन का अधिकार मिलने पर, आप BLC के लिए आवेदन कर सकते हैं।
नहीं। 5 साल की लॉक-इन अवधि के दौरान, आप घर का कोई भी हिस्सा किराए पर नहीं दे सकते। घर का उपयोग केवल आपके आवासीय उद्देश्य के लिए होना चाहिए।
आपको 12 महीने के भीतर पूरा करना चाहिए। देरी से सब्सिडी वसूली या रद्दीकरण हो सकता है। अगर वास्तविक कारण हैं (प्राकृतिक आपदा, आदि), तो आप राज्य अधिकारियों से विस्तार का अनुरोध कर सकते हैं।
PMAY-U 2.0 नया चरण है जो सितंबर 2024 में शुरू हुआ, जिसका लक्ष्य 5 सालों में 1 करोड़ शहरी गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों को आवास सहायता देना है। मुख्य अंतर हैं: MIG श्रेणी अब ISS वर्टिकल के तहत शामिल है, पांच चरणों में अनिवार्य जियो-टैगिंग के माध्यम से बेहतर निगरानी, किफायती किराया आवास नए वर्टिकल के रूप में जोड़ा गया, राज्य लचीलेपन के साथ संशोधित आय सीमा, ISS के लिए प्रोसेसिंग फीस में छूट, और एकमुश्त के बजाय 5 वार्षिक किस्तों में सब्सिडी जारी की जाती है।
अगर योजनाओं के बारे में आपका कोई सवाल है, तो उसे योजना के फोरम में सबमिट करें और जवाब पाएँ:
बेझिझक लिंक पर क्लिक करें और चर्चा में शामिल हों!
यह फोरम निम्न कामों के लिए एक बेहतरीन जगह है:
- सवाल पूछें: अगर आपके मन में योजना से जुड़ा कोई सवाल है या आप इस विषय के किसी पहलू के बारे में और जानकारी चाहते हैं।
- योजना से जुडी अपनी बातें साझा करें: अपनी जानकारी और अनुभव शेयर करें।
- दूसरों से जुड़ें: कम्युनिटी से जुड़ें और दूसरों से सीखें।
हम आपको इस फ़ोरम में सक्रिय रूप से भाग लेने और इस बेहतरीन रिसोर्स का पूरा फ़ायदा उठाने के लिए प्रोत्साहित करते है।
| लाभार्थी व्यक्ति का प्रकार | योजना का प्रकार | सरकार |
|---|---|---|
नई टिप्पणी जोड़ें