- 60 साल की उम्र पूरी होने के बाद पात्र सदस्यों को हर महीने कम से कम ₹3,000 की पेंशन मिलती है।
- 18 से 40 साल की उम्र के पात्र व्यापारी, दुकानदार और खुद का काम करने वाले लोग इसमें शामिल हो सकते हैं।
- उम्र के अनुसार सदस्य को हर महीने ₹55 से ₹200 तक योगदान देना होता है।
- केंद्र सरकार सदस्य के योगदान के बराबर राशि जमा करती है।
- फोन: 1800 267 6888
- ईमेल: [email protected]
योजना का अवलोकन | |
|---|---|
| योजना का नाम | नेशनल पेंशन स्कीम फॉर ट्रेडर्स एंड सेल्फ एम्प्लॉयड पर्सन्स |
| शुरू होने का साल | 2019 |
| लाभ | 60 साल की उम्र के बाद हर महीने कम से कम ₹3,000 की पेंशन |
| लाभार्थी | 18 से 40 साल की उम्र के व्यापारी, दुकानदार और खुद का काम करने वाले लोग |
| संबंधित मंत्रालय | श्रम एवं रोजगार मंत्रालय |
| योजना से जुड़े अपडेट | योजना के अपडेट पाने के लिए यहां क्लिक करें |
| आवेदन का तरीका | मान-धन पोर्टल के जरिए ऑनलाइन या कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर आवेदन |
योजना के बारे में
छोटी दुकान या कारोबार चलाने वाले लोगों को रोज के खर्चों के साथ-साथ अपने बुढ़ापे की चिंता भी रहती है। कई व्यापारियों, दुकानदारों और खुद का काम करने वाले लोगों के पास पेंशन की सुविधा नहीं होती। ऐसे लोगों को बुढ़ापे में आर्थिक मदद देने के लिए नेशनल पेंशन स्कीम फॉर ट्रेडर्स एंड सेल्फ एम्प्लॉयड पर्सन्स(PM-LVM) शुरू की गई थी। यह एक ऐसी पेंशन योजना है जिसमें जुड़ना व्यक्ति की अपनी इच्छा पर निर्भर करता है और उसे हर महीने कुछ पैसे जमा करने होते हैं। योजना के तहत 60 साल की उम्र पूरी होने के बाद हर महीने कम से कम ₹3,000 की पेंशन मिलती है। 18 से 40 साल की उम्र के पात्र लोग इसमें शामिल हो सकते हैं। उन्हें अपनी उम्र के हिसाब से हर महीने ₹55 से ₹200 तक जमा करने होते हैं। केंद्र सरकार भी उनके बराबर राशि जमा करती है।
इस योजना को जुलाई 2019 में मूल रूप से प्रधानमंत्री लघु व्यापारी मानधन योजना (PM-LVM) के नाम से अधिसूचित किया गया था। श्रम एवं रोजगार मंत्रालय की अगस्त 2019 की प्रगति रिपोर्ट के अनुसार, बाद में प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की सलाह पर योजना के नाम से 'लघु' शब्द हटा दिया गया। इसलिए, पुराने सरकारी दस्तावेजों में इस योजना का उल्लेख इसके मूल नाम से भी मिल सकता है। योजना में पंजीकरण के लिए कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) की मदद ली जा सकती है। इसका लाभ उन पात्र भारतीय नागरिकों को मिलता है जिनके कारोबार का सालाना टर्नओवर ₹1.5 करोड़ से ज्यादा नहीं है और जो योजना की बाकी शर्तें पूरी करते हैं। आवेदक आयकरदाता नहीं होना चाहिए और उसे EPFO, ESIC, NPS या PM-SYM जैसी निर्धारित योजनाओं से जुड़ी अपात्रता की शर्तों का भी पालन करना होता है।
इस योजना की एक खास बात यह है कि सरकार भी व्यक्ति के बराबर योगदान देती है। व्यक्ति हर महीने जितने पैसे जमा करता है, केंद्र सरकार भी उतनी ही राशि जमा करती है। इससे पेंशन के लिए जमा होने वाली कुल रकम बढ़ती रहती है। 60 साल की उम्र पूरी होने पर पात्र व्यक्ति को हर महीने कम से कम ₹3,000 की पेंशन मिलती है। अगर पेंशन मिलते समय व्यक्ति की मृत्यु हो जाती है, तो उसके पति या पत्नी को नियमों के अनुसार पेंशन की 50% राशि पारिवारिक पेंशन के रूप में मिलती है।
पात्र व्यक्ति कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर योजना में पंजीकरण करा सकते हैं या मान-धन पोर्टल पर उपलब्ध खुद पंजीकरण करने की सुविधा का इस्तेमाल कर सकते हैं। आवेदन के लिए आधार कार्ड, IFSC कोड सहित बैंक खाते की जानकारी और मोबाइल नंबर जैसी बुनियादी जानकारी की जरूरत होती है। यह योजना स्वैच्छिक है, इसलिए पात्र व्यापारी और खुद का काम करने वाले लोग इसमें शामिल होने से पहले मासिक योगदान और पेंशन से जुड़े नियमों को समझ सकते हैं।
पेंशन के दूसरे विकल्पों के बारे में जानने वाले लोग प्रधानमंत्री श्रम योगी मान-धन योजना (PM-SYM) के बारे में भी पढ़ सकते हैं। यह योजना असंगठित क्षेत्र के पात्र मजदूरों और कामगारों के लिए बनाई गई थी। इसके तहत भी 60 साल की उम्र के बाद हर महीने कम से कम ₹3,000 पेंशन का प्रावधान है। इस तरह PM-SYM एक दूसरी पेंशन योजना है, जिससे PM-LVM की तुलना की जा सकती है।

योजना के लाभ
नेशनल पेंशन स्कीम फॉर ट्रेडर्स एंड सेल्फ एम्प्लॉयड पर्सन्सपात्र व्यापारियों, दुकानदारों और खुद का काम करने वाले लोगों को बुढ़ापे में पेंशन की सुविधा देने के लिए बनाई गई थी। इसके मुख्य फायदे ये हैं:
- 60 साल की उम्र पूरी होने पर पात्र व्यक्ति को हर महीने कम से कम ₹3,000 की पेंशन मिलती है।
- केंद्र सरकार व्यक्ति के मासिक योगदान के बराबर राशि अपनी तरफ से भी जमा करती है।
- व्यक्ति अपनी उम्र के हिसाब से हर महीने ₹55 से ₹200 तक जमा करके योजना में शामिल हो सकता है।
- पेंशन मिलते समय व्यक्ति की मृत्यु होने पर उसके पति या पत्नी को पेंशन की 50% राशि पारिवारिक पेंशन के रूप में मिलती है।
- अगर नियमित योगदान देने वाले व्यक्ति की 60 साल की उम्र से पहले मृत्यु हो जाती है, तो उसका पति या पत्नी लागू नियमों के अनुसार योगदान जमा करके योजना जारी रख सकता है या इससे बाहर निकल सकता है।
- यह योजना तय पात्रता शर्तों को पूरा करने वाले व्यापारियों, दुकानदारों और खुद का काम करने वाले लोगों को पेंशन का विकल्प देती है।
- देशभर में कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के जरिए पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध कराई गई थी।
इन फायदों का उद्देश्य पात्र छोटे व्यापारियों और खुद का काम करने वाले लोगों को कामकाजी उम्र में पेंशन के लिए पैसे जमा करने और 60 साल की उम्र के बाद नियमित पेंशन पाने में मदद करना है।
योजना में हर महीने कितना पैसा जमा करना होगा?
योजना में हर महीने जमा की जाने वाली रकम इस बात पर निर्भर करती है कि आप किस उम्र में इसमें शामिल होते हैं। कम उम्र में जुड़ने वालों को कम रकम जमा करनी होती है, जबकि ज्यादा उम्र में जुड़ने वालों को ज्यादा योगदान देना पड़ता है। केंद्र सरकार भी आपकी जमा रकम के बराबर योगदान देती है।
योजना से जुड़ने की उम्र | आपका मासिक योगदान | सरकार का योगदान | हर महीने कुल जमा रकम |
|---|---|---|---|
18 साल | ₹55 | ₹55 | ₹110 |
19 साल | ₹58 | ₹58 | ₹116 |
20 साल | ₹61 | ₹61 | ₹122 |
21 साल | ₹64 | ₹64 | ₹128 |
22 साल | ₹68 | ₹68 | ₹136 |
23 साल | ₹72 | ₹72 | ₹144 |
24 साल | ₹76 | ₹76 | ₹152 |
25 साल | ₹80 | ₹80 | ₹160 |
26 साल | ₹85 | ₹85 | ₹170 |
27 साल | ₹90 | ₹90 | ₹180 |
28 साल | ₹95 | ₹95 | ₹190 |
29 साल | ₹100 | ₹100 | ₹200 |
30 साल | ₹105 | ₹105 | ₹210 |
31 साल | ₹110 | ₹110 | ₹220 |
32 साल | ₹120 | ₹120 | ₹240 |
33 साल | ₹130 | ₹130 | ₹260 |
34 साल | ₹140 | ₹140 | ₹280 |
35 साल | ₹150 | ₹150 | ₹300 |
36 साल | ₹160 | ₹160 | ₹320 |
37 साल | ₹170 | ₹170 | ₹340 |
38 साल | ₹180 | ₹180 | ₹360 |
39 साल | ₹190 | ₹190 | ₹380 |
40 साल | ₹200 | ₹200 | ₹400 |
उदाहरण के लिए, अगर कोई व्यक्ति 29 साल की उम्र में इस योजना से जुड़ता है, तो उसे हर महीने ₹100 जमा करने होंगे। सरकार भी ₹100 जमा करेगी। इस तरह हर महीने कुल ₹200 जमा होंगे। योजना के नियमों के अनुसार, पेंशन मिलने की उम्र तक योगदान देना होता है।
पात्रताएं
इस योजना का लाभ लेने के लिए उम्र, कारोबार के टर्नओवर और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी कुछ शर्तें पूरी करनी होती हैं। उपलब्ध योजना संबंधी जानकारी के अनुसार, पात्रता की शर्तें ये हैं:
- आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए।
- योजना में शामिल होते समय उम्र 18 से 40 साल के बीच होनी चाहिए।
- आवेदक पात्र व्यापारी, दुकानदार या खुद का काम करने वाला व्यक्ति होना चाहिए।
- कारोबार का सालाना टर्नओवर ₹1.5 करोड़ से ज्यादा नहीं होना चाहिए।
- आवेदक इनकम टैक्स नहीं भरता हो।
- आवेदक कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) का सदस्य नहीं होना चाहिए।
- आवेदक कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESIC) के तहत कवर नहीं होना चाहिए।
- आवेदक राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (NPS) की ऐसी श्रेणी में शामिल नहीं होना चाहिए, जिसे इस योजना से बाहर रखा गया है।
- आवेदक प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना (PM-SYM) में शामिल नहीं होना चाहिए।
आवेदन करने से पहले पात्रता की ताजा शर्तें सरकारी पोर्टल पर जरूर जांच लें।
आवश्यक दस्तावेज
रजिस्ट्रेशन शुरू करने से पहले ये दस्तावेज और जानकारी अपने पास रखें:
- आधार कार्ड
- बचत बैंक खाते या जनधन खाते की जानकारी
- बैंक खाते का IFSC कोड
- मोबाइल नंबर
- जहां योजना के नियमों के तहत जरूरी हो, वहां GSTIN
रजिस्ट्रेशन और हर महीने पैसे जमा करने में परेशानी से बचने के लिए आधार और बैंक खाते की जानकारी सही भरें।
आवेदन प्रक्रिया
पात्र व्यक्ति कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) की मदद से रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। इसके अलावा, मानधन के आधिकारिक पोर्टल पर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की सुविधा भी जांच सकते हैं।
कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) से आवेदन करें
- आधार कार्ड, मोबाइल नंबर और बैंक खाते की जानकारी लेकर नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर जाएं।
- ऑपरेटर से नेशनल पेंशन स्कीम फॉर ट्रेडर्स एंड सेल्फ एम्प्लॉयड पर्सन्स में रजिस्ट्रेशन के बारे में पूछें।
- अपनी जरूरी निजी जानकारी और बैंक खाते की जानकारी दें।
- आधार से जुड़ी जरूरी पुष्टि और पात्रता संबंधी घोषणा पूरी करें।
- पुष्टि करें कि आपके कारोबार का टर्नओवर और बाकी शर्तें योजना के नियमों के मुताबिक हैं।
- बताए गए तरीके से शुरुआती योगदान जमा करें।
- आगे हर महीने पैसे अपने आप कटने की अनुमति से जुड़ी प्रक्रिया पूरी करें।
- रजिस्ट्रेशन की रसीद या पेंशन खाते की जानकारी संभालकर रखें।
मानधन पोर्टल से ऑनलाइन आवेदन करें
- मानधन के आधिकारिक पोर्टल पर जाएं।
- देखें कि व्यापारियों की पेंशन योजना के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की सुविधा उपलब्ध है या नहीं।
- अगर पूछा जाए, तो मोबाइल नंबर डालें और OTP से पुष्टि करें।
- मांगी गई निजी जानकारी, आधार और बैंक खाते की जानकारी भरें।
- अपने कारोबार और अन्य जरूरी शर्तों से जुड़ी पात्रता की घोषणाएं पूरी करें।
- योगदान और भुगतान की प्रक्रिया पूरी करने के लिए पोर्टल पर दिए गए निर्देशों का पालन करें।
- रजिस्ट्रेशन पूरा होने पर उसकी रसीद या पेंशन खाते की जानकारी सेव कर लें।
अगर रजिस्ट्रेशन का विकल्प नहीं दिख रहा है या पात्रता को लेकर कोई सवाल है, तो नजदीकी CSC से संपर्क करें या आधिकारिक पोर्टल पर जानकारी लें।
योजना से बाहर निकलने और पैसे निकालने के नियम
अगर कोई सदस्य 60 साल की उम्र पूरी होने से पहले योजना छोड़ना चाहता है, तो उसे लागू नियमों का पालन करना होगा। उसे कितनी रकम मिलेगी, यह योजना में शामिल रहने की अवधि और बाहर निकलने की वजह पर निर्भर करता है।
स्थिति | उपलब्ध योजना संबंधी जानकारी में बताया गया नियम |
|---|---|
| योजना में शामिल होने के 10 साल के भीतर बाहर निकलना | सदस्य की जमा रकम बचत खाते की ब्याज दर के साथ लौटाई जाती है। |
| 10 साल बाद, लेकिन 60 साल की उम्र से पहले बाहर निकलना | सदस्य की जमा रकम के साथ फंड से मिली ब्याज राशि या बचत खाते की ब्याज दर, इनमें से जो ज्यादा हो, वह लौटाई जाती है। |
| 60 साल की उम्र से पहले सदस्य की मृत्यु | पति या पत्नी लागू योगदान जमा करके योजना जारी रख सकते हैं या तय नियमों के अनुसार इससे बाहर निकल सकते हैं। |
| 60 साल की उम्र से पहले स्थायी दिव्यांगता | पति या पत्नी लागू नियमों के अनुसार योजना जारी रख सकते हैं या इससे बाहर निकल सकते हैं। |
| पेंशन मिलना शुरू होने के बाद सदस्य की मृत्यु | पति या पत्नी को परिवार पेंशन के रूप में पेंशन की 50% रकम मिलती है। |
| सदस्य और उसके पति या पत्नी, दोनों की मृत्यु | पेंशन फंड में जमा रकम का निपटारा योजना के नियमों के अनुसार किया जाता है। |
| योगदान जमा नहीं कर पाना | बकाया योगदान लागू नियमों और शुल्क के अनुसार जमा करके खाते को नियमित किया जा सकता है। |
ध्यान दें: प्रकाशित करने से पहले बाहर निकलने के इन नियमों की पुष्टि नवीनतम आधिकारिक नियमों से कर लें, क्योंकि यहां दिए गए नियमों की मौजूदा आधिकारिक शब्दावली की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की गई है।
नेशनल पेंशन स्कीम फॉर ट्रेडर्स एंड सेल्फ एम्प्लॉयड पर्सन्स और PM-SYM में अंतर
नेशनल पेंशन स्कीम फॉर ट्रेडर्स एंड सेल्फ एम्प्लॉयड पर्सन्स और प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना (PM-SYM) दो अलग-अलग पेंशन योजनाएं हैं। दोनों में अपने-अपने नियमों के अनुसार 60 साल की उम्र के बाद हर महीने कम से कम ₹3,000 पेंशन देने का प्रावधान है, लेकिन दोनों के लाभार्थी अलग हैं।
विवरण | नेशनल पेंशन स्कीम फॉर ट्रेडर्स एंड सेल्फ एम्प्लॉयड पर्सन्स | PM-SYM |
|---|---|---|
| पूरा या पुराना नाम | पहले इसका नाम प्रधानमंत्री लघु व्यापारी मानधन योजना था। | प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना |
| किन लोगों के लिए | पात्र व्यापारी, दुकानदार और खुद का काम करने वाले लोग | असंगठित क्षेत्र के पात्र कामगार |
| योजना में शामिल होने की उम्र | 18–40 साल | 18–40 साल |
| आर्थिक पात्रता | कारोबार का सालाना टर्नओवर ₹1.5 करोड़ तक | मासिक आय ₹15,000 तक |
| सदस्य का योगदान | उम्र के हिसाब से ₹55–₹200 हर महीने | उम्र के हिसाब से ₹55–₹200 हर महीने |
| सरकार का योगदान | सदस्य के योगदान के बराबर | सदस्य के योगदान के बराबर |
| मासिक पेंशन | 60 साल के बाद कम से कम ₹3,000 | 60 साल के बाद कम से कम ₹3,000 |
दोनों योजनाओं में सबसे बड़ा अंतर यह है कि वे अलग-अलग तरह के लोगों के लिए बनाई गई हैं। पात्र व्यापारी और दुकानदार कारोबार के टर्नओवर की शर्त जांचें, जबकि असंगठित क्षेत्र के कामगार PM-SYM की पात्रता देखें।
महत्वपूर्ण लिंक
संपर्क जानकारी
योजना से जुड़ी उपलब्ध सामग्री में दिए गए संपर्क विवरण नीचे हैं। इन पर भरोसा करने से पहले सरकारी पोर्टल पर इनकी मौजूदा स्थिति जरूर जांच लें।
- फोन: 1800 267 6888
- ईमेल: [email protected]
- ईमेल: [email protected]
- पता: श्रम शक्ति भवन, रफी मार्ग, नई दिल्ली – 110001, भारत
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
यह केंद्र सरकार की पेंशन योजना है, जिसे पात्र व्यापारियों, दुकानदारों और खुद का काम करने वाले लोगों को बुढ़ापे में आर्थिक सुरक्षा देने के लिए शुरू किया गया था।
इस योजना की शुरुआत 12 सितंबर 2019 को हुई थी।
योजना के नियमों के अनुसार, पात्र सदस्य को 60 साल की उम्र पूरी होने के बाद हर महीने कम से कम ₹3,000 की पेंशन मिलती है।
18 से 40 साल की उम्र के पात्र व्यापारी, दुकानदार और खुद का काम करने वाले लोग आवेदन कर सकते हैं। उन्हें कारोबार के टर्नओवर और अन्य पात्रता शर्तें भी पूरी करनी होंगी।
उपलब्ध योजना संबंधी जानकारी के अनुसार, कारोबार का सालाना टर्नओवर ₹1.5 करोड़ से ज्यादा नहीं होना चाहिए।
आवेदक की उम्र के आधार पर मासिक योगदान ₹55 से ₹200 तक होता है। केंद्र सरकार भी सदस्य के बराबर राशि जमा करती है।
हां। योजना के तहत केंद्र सरकार पात्र सदस्य के मासिक योगदान के बराबर राशि जमा करती है।
पात्र व्यक्ति नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर पंजीकरण करा सकते हैं। ऑनलाइन पंजीकरण की सुविधा के लिए मानधन पोर्टल पर उपलब्ध विकल्प भी देख सकते हैं।
आमतौर पर आधार कार्ड, बैंक खाते की जानकारी, IFSC कोड और मोबाइल नंबर की जरूरत होती है। जरूरत के अनुसार अन्य जानकारी या दस्तावेज भी मांगे जा सकते हैं।
उपलब्ध पात्रता संबंधी जानकारी के अनुसार, आयकरदाता इस योजना के लिए पात्र नहीं है।
योजना की पात्रता शर्तों के अनुसार, EPFO या ESIC के तहत कवर व्यक्ति पात्र नहीं होते। आवेदन से पहले वर्तमान नियमों की पुष्टि कर लेनी चाहिए।
यदि सदस्य की पेंशन शुरू होने के बाद मृत्यु हो जाती है, तो उसके पति या पत्नी को लागू नियमों के अनुसार पेंशन की 50% राशि पारिवारिक पेंशन के रूप में मिलती है।
अगर योजनाओं के बारे में आपका कोई सवाल है, तो उसे योजना के फोरम में सबमिट करें और जवाब पाएँ:
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यह फोरम निम्न कामों के लिए एक बेहतरीन जगह है:
- सवाल पूछें: अगर आपके मन में योजना से जुड़ा कोई सवाल है या आप इस विषय के किसी पहलू के बारे में और जानकारी चाहते हैं।
- योजना से जुडी अपनी बातें साझा करें: अपनी जानकारी और अनुभव शेयर करें।
- दूसरों से जुड़ें: कम्युनिटी से जुड़ें और दूसरों से सीखें।
हम आपको इस फ़ोरम में सक्रिय रूप से भाग लेने और इस बेहतरीन रिसोर्स का पूरा फ़ायदा उठाने के लिए प्रोत्साहित करते है।
| जाति | लाभार्थी व्यक्ति का प्रकार | योजना का प्रकार | सरकार |
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