हाइलाइट
- राज्य के दुधारू एवं अन्य पशुओ का निशुल्क बीमा कराया जाएगा।
- पशुओ के रोगो के लिए मुफ्त टीककरण की व्यवस्था भी की जाएगी।
वेबसाइट
ग्राहक देखभाल फ़ोन नंबर
- योजना के बारे में अधिक जानकारी के लिए लाभार्थी पशुपालक अपने नजदीकी पशुपालन विभाग के कार्यालय में जाकर संपर्क कर सकते है।
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योजना का अवलोकन
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| योजना का नाम | राजस्थान पशुधन बीमा योजना। |
| आरम्भ वर्ष | 2024. |
| लाभ | दुधारू एवं अन्य पशुओ का निशुल्क बीमा एवं टीकाकरण कराया जाएगा। |
| लाभार्थी | राज्य के पशुपालक। |
| नोडल विभाग | पशुपालन विभाग, राजस्थान। |
| सब्सक्रिप्शन | योजना की निरंतर जानकारी के लिए यहाँ सब्सक्राइब करे। |
| आवेदन का तरीका | राजस्थान पशुधन बीमा योजना आवेदन पत्र के माध्यम से। |
योजना के बारे में
- बहुत से पशुपालको की आय का मुख्य श्रोत पशु उत्पादनो से होता है।
- पशुओ की आकस्मिक मृत्यु ,बीमारी से मृत्यु या किसी अन्य कारण से मृत्यु होने पर उनकी आय का श्रोत खत्म हो जाता है।
- उनके आर्थिक स्थिति इतनी अच्छी नहीं होती की वह पशु की मृत्यु के बाद नया पशु खरीद पाए।
- भाजपा द्वारा इन्ही समस्याओ को ध्यान में रखते हुए राज्य में सरकार बनाने के बाद राजस्थान पशुधन बीमा योजना को राज्य में लागू करने का वादा अपने संकल्प पत्र के माध्यम से किया है।
- चुनाव जीतने के बाद बीजेपी शासित राजस्थान सरकार अपने बजट में इस योजना को शुरू करने की घोषणा कर दी गयी है।
- योजना का अधिकारिक नाम "मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना" होगा जिसे राजस्थान पशुधन बीमा के नाम से भी जाना जायेगा।
- इस योजना से पहले राजस्थान में कांग्रेस सरकार द्वारा चलायी गयी "मुख्यमंत्री कामधेनु पशु बीमा योजना का संचालन किया जाता था।
- भाजपा की सरकार आते ही मुख्यमंत्री कामधेनु पशु बीमा योजना को बंद कर दिया गया और पशुधन बीमा योजना के संचालन को मंजूरी दे दी गयी है।
- अब किसानों को अपने पशुओं की आकस्मिक मृत्यु हो जाने की दशा में परेशान होने की ज़रूरत नहीं है क्यूंकि इस योजना के तहत सभी पशुओं का निःशुल्क जीवन बीमा किया जायेगा।
- निशुल्क बीमा की सुविधा के साथ साथ पशुओ के रोगो के लिए मुफ्त टीकाकरण की सुविधा भी दी जाएगी।
- पशुधन बीमा योजना में दूध देने वाली भैंस और गायें, बकरी, ऊंट और भेड़ का बीमा किया जायेगा।
- इन पशुओं की मृत्यु हो जाने की दशा में राजस्थान सरकार द्वारा सभी पशुपालकों को मुआवजा दिया जायेगा जिससे वो अपने लिए नए पशु खरीद सके।
- सभी पशुपालक अपने पशुओं का निशुल्क बीमा मुख्यमंत्री पशुधन बीमा योजना राजस्थान में आवेदन पत्र के माध्यम से करा सकते है जो किसी भी सरकारी पशु चिकित्सालय में उपलब्ध है।
योजना में लाभार्थियों को मिलने वाले लाभ
- राजस्थान सरकार पशुधन बीमा योजना के तहत प्रदेश के पशुपालकों को निम्नलिखित लाभ प्रदान करेगी :-
- राज्य के दुधारू एवं अन्य पशुओ का निशुल्क बीमा कराया जाएगा।
- पशुओ के रोगो के लिए मुफ्त टीककरण की व्यवस्था भी की जाएगी।
पात्रता की शर्तें
- आवेदक राजस्थान का मूल निवासी होना चाहिए।
- आवेदक राज्य का किसान या पशु पालक होना चाहिए।
- योजना के अंतर्गत दुधारू गायें/ भैंस, बकरी, भेड़ और ऊंट का ही बीमा किया जायेगा।
लाभ लेने के लिए आवश्यक दस्तावेज
- राजस्थान पशुधन बीमा योजना के अंतर्गत लाभ लेने के लिए निम्नलिखित दस्तावेजों की आवश्यकता होगी:-
- राजस्थान में निवास का प्रमाण/ स्थाई प्रमाण पत्र।
- पशुपालक होने का प्रमाण पत्र (अगर संबंधित हो)।
- आधार कार्ड।
- बैंक खाते की जानकारी।
- पशु की जानकारी।
- आवेदक की पासपोर्ट साइज फोटो।
- ईमेल आईडी।
- मोबाइल नंबर।
आवेदन की प्रक्रिया
- आवेदन पत्र के माध्यम से आवेदन कर लाभार्थी अपने पशु को पशुधन बीमा योजना में पंजीकृत करा सकता है।
- पशुधन बीमा योजना का आवेदन पत्र किसी भी भी नजदीकी सरकारी पशु चिकित्सालय से प्राप्त किया जा सकता है।
- आवेदन पत्र को भरकर दस्तावेज़ों के साथ जमा करना होगा।
- प्रारम्भिक जांच के पश्चात आवेदन पत्रों को सरकार द्वारा बीमा कंपनी को पंजीकरण हेतु भेज दिए जायेंगे।
- लाभार्थी के पशु की पशु चिकित्सक और बीमा कंपनी के एजेंट द्वारा जांच कर टैगिंग की जाएगी और पशु का स्वस्थ्य प्रमाण पत्र जारी किया जायेगा।
- ऑनलाइन एंट्री हो जाने के पश्चात राजस्थान पशुधन बीमा योजना के पालिसी दस्तावेज़ लाभार्थी के मोबाइल पर भेज दिए जायेंगे।
- पशु की मृत्यु हो जाने पर लाभार्थी को बीमित धनराशि का क्लेम करना होगा।
- राजस्थान पशुधन बीमा योजना का क्लेम फॉर्म बीमा कंपनी के कार्यालय या पशु चिकित्सालय से प्राप्त किया जा सकता है।
- पशु की मृत्यु हो जाने के बाद लाभार्थी को इसकी सूचना पशु चिकित्सक को देनी होगी।
- जांच के पश्चात पशु चिकित्सक द्वारा पोस्टमॉर्टेम रिपोर्ट और पंचनामा बनाया जायेगा।
- फिर 21 दिन के भीतर लाभार्थी को पशुधन बीमा योजना के तहत बीमित धनराशि का दावा करना होगा।
- समस्त प्रक्रिया पूर्ण हो जाने के बाद लाभार्थी पशुपालक के बैंक खाते में बीमा कंपनी द्वारा मृत पशु की बीमित धनराशि प्रदान कर दी जाएगी।
महत्वपूर्ण लिंक
संपर्क करने का विवरण
- पशुपालन विभाग नंबर :- 0141-2742709.
- पशुपालन विभाग ईमेल :-
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