- संस्कृत शिक्षा प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों को सरकार की ओर से वित्तीय सहायता
- कक्षा 6–7 से आचार्य (स्नातकोत्तर) स्तर तक के विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति
- शिक्षा के स्तर के अनुसार ₹50 से ₹250 प्रति माह तक छात्रवृत्ति
- आचार्य स्तर के विद्यार्थियों को अधिकतम ₹250 प्रति माह की छात्रवृत्ति
योजना का अवलोकन | |
|---|---|
| योजना का नाम | उत्तर प्रदेश संस्कृत छात्रवृत्ति योजना |
| लाभ | संस्कृत शिक्षा के स्तर के अनुसार ₹50 से ₹250 प्रति माह तक छात्रवृत्ति |
| लाभार्थी | पात्र संस्कृत विद्यालयों, महाविद्यालयों और सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय में संस्कृत की पढ़ाई करने वाले विद्यार्थी |
| नोडल विभाग | उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार |
| आधिकारिक पोर्टल | छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति ऑनलाइन प्रणाली |
| सब्सक्रिप्शन | योजना से जुड़े अपडेट पाने के लिए यहां सब्सक्राइब करें |
| आवेदन का तरीका | आधिकारिक छात्रवृत्ति पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन |
योजना के बारे में
संस्कृत भारत की प्राचीन भाषाओं में से एक है और हमारी संस्कृति, साहित्य और ज्ञान की परंपरा का अहम हिस्सा रही है। आज इसके इस्तेमाल में कमी जरूर आई है, लेकिन उत्तर प्रदेश में कई विद्यार्थी अब भी संस्कृत की पढ़ाई कर रहे हैं। इन्हीं विद्यार्थियों को संस्कृत शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करने और उनकी पढ़ाई में आर्थिक मदद देने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने उत्तर प्रदेश संस्कृत छात्रवृत्ति योजना शुरू की है। इस योजना के तहत पात्र संस्कृत विद्यालयों, महाविद्यालयों और सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति दी जाती है। योजना से जुड़ी आवेदन और छात्रवृत्ति संबंधी गतिविधियां आधिकारिक छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति ऑनलाइन प्रणाली के माध्यम से की जाती हैं।
योजना को लागू करने में संबंधित शैक्षणिक संस्थानों के साथ जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS), जिला समिति और शिक्षा निदेशालय की भी भूमिका होती है। इस योजना से जुड़ी शिक्षा व्यवस्था में उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार संबंधित राज्य शिक्षा प्राधिकरण है। छात्रवृत्ति संस्कृत शिक्षा के अलग-अलग स्तरों को कवर करती है। इसमें प्रथमा-1 और 2 यानी कक्षा 6 और 7 से लेकर आचार्य यानी स्नातकोत्तर स्तर तक की पढ़ाई शामिल है। इसके अलावा, प्रथमा-3, पूर्व मध्यमा, उत्तर मध्यमा और शास्त्री स्तर के विद्यार्थी भी इसके अंतर्गत आते हैं।
इस योजना के तहत मिलने वाली छात्रवृत्ति की राशि विद्यार्थी के शिक्षा स्तर के अनुसार तय की जाती है। यह राशि ₹50 से ₹250 प्रति माह तक है। छात्रवृत्ति पाने के लिए विद्यार्थियों को आधिकारिक पोर्टल पर दी गई शैक्षणिक और उपस्थिति संबंधी शर्तों को पूरा करना होता है। इनमें पिछली कक्षा में कम से कम 60% अंक प्राप्त करना और प्रत्येक छमाही में 75% या उससे अधिक उपस्थिति बनाए रखना शामिल है।
शैक्षणिक वर्ष 2026–27 के लिए ऑनलाइन आवेदन 1 अगस्त 2026 से 31 अगस्त 2026 तक किए जा सकते हैं। ऑनलाइन आवेदन जमा करने के बाद विद्यार्थियों को उसकी हार्ड कॉपी निर्धारित दस्तावेजों के साथ अपनी संबंधित संस्था में जमा करनी होती है। इसके बाद आवेदन संस्था और जिला स्तर पर सत्यापन की प्रक्रिया से गुजरता है और सभी निर्धारित चरण पूरे होने के बाद छात्रवृत्ति की राशि लाभार्थी के खाते में भेजी जाती है।
अगर आप उत्तर प्रदेश सरकार की अन्य छात्रवृत्ति योजनाओं के बारे में भी जानना चाहते हैं, तो उत्तर प्रदेश छात्रवृत्ति योजना और उत्तर प्रदेश अटल चेवेनिंग छात्रवृत्ति योजना को भी देख सकते हैं। इन योजनाओं के तहत अलग-अलग शिक्षा स्तरों और श्रेणियों के विद्यार्थियों को उनकी जरूरत और पात्रता के अनुसार वित्तीय सहायता दी जाती है।
योजना के लाभ
इस योजना के तहत विद्यार्थियों को उनकी संस्कृत शिक्षा के स्तर के अनुसार एक निश्चित छात्रवृत्ति राशि दी जाती है। अलग-अलग स्तरों के लिए मासिक छात्रवृत्ति की राशि तय की गई है, जिससे संस्कृत की पढ़ाई जारी रखने वाले विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता मिल सके।
- प्रथमा-1 और 2 (कक्षा 6–7): ₹50 प्रति माह या ₹600 प्रति वर्ष।
- प्रथमा-3 (कक्षा 8): ₹75 प्रति माह या ₹900 प्रति वर्ष।
- पूर्व मध्यमा (कक्षा 9–10): ₹100 प्रति माह या ₹1,200 प्रति वर्ष।
- उत्तर मध्यमा (कक्षा 11–12): ₹150 प्रति माह या ₹1,800 प्रति वर्ष।
- शास्त्री (स्नातक): ₹200 प्रति माह या ₹2,400 प्रति वर्ष।
- आचार्य (स्नातकोत्तर): ₹250 प्रति माह या ₹3,000 प्रति वर्ष।
- छात्रवृत्ति के लिए आवेदन और सत्यापन की प्रक्रिया आधिकारिक ऑनलाइन प्रणाली के माध्यम से की जाती है।
- निर्धारित सत्यापन और मंजूरी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद छात्रवृत्ति की राशि तय कार्यक्रम के अनुसार लाभार्थियों के खातों में भेजी जाती है।
शिक्षा के स्तर के अनुसार छात्रवृत्ति राशि
संस्कृत शिक्षा का स्तर | संबंधित कक्षा/कोर्स | मासिक छात्रवृत्ति | वार्षिक राशि |
|---|---|---|---|
प्रथमा-1 और 2 | कक्षा 6–7 | ₹50 | ₹600 |
प्रथमा-3 | कक्षा 8 | ₹75 | ₹900 |
पूर्व मध्यमा | कक्षा 9–10 | ₹100 | ₹1,200 |
उत्तर मध्यमा | कक्षा 11–12 | ₹150 | ₹1,800 |
शास्त्री | स्नातक | ₹200 | ₹2,400 |
आचार्य | स्नातकोत्तर | ₹250 | ₹3,000 |
पात्रताएं
छात्रवृत्ति पाने के लिए विद्यार्थियों को संस्कृत छात्रवृत्ति पोर्टल पर दी गई पात्रता और शैक्षणिक शर्तों को पूरा करना होता है। आवेदन करने से पहले विद्यार्थियों को यह सुनिश्चित कर लेना चाहिए कि वे योजना के निर्धारित मानदंडों के अनुसार पात्र हैं।
- विद्यार्थी योजना के अंतर्गत आने वाले पात्र संस्कृत विद्यालय, महाविद्यालय या सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय में संस्कृत की पढ़ाई कर रहा हो।
- विद्यार्थी ने पिछली कक्षा में कम से कम 60% अंक प्राप्त किए हों।
- विद्यार्थी की प्रत्येक छमाही में 75% या उससे अधिक उपस्थिति हो।
- छात्रवृत्ति की संरचना प्रथमा-1 और 2 (कक्षा 6–7) से लेकर आचार्य (स्नातकोत्तर) स्तर तक की संस्कृत शिक्षा को कवर करती है।
आवश्यक दस्तावेज
छात्रवृत्ति के लिए आवेदन करते समय विद्यार्थियों को ऑनलाइन आवेदन पूरा करने के साथ आवश्यक दस्तावेज और निर्धारित संलग्नक जमा करने होते हैं। आवेदन की जांच के दौरान संस्था द्वारा अतिरिक्त दस्तावेज या जानकारी भी मांगी जा सकती है।
- आधार कार्ड
- संस्था द्वारा जारी बोनाफाइड प्रमाण-पत्र
- पिछली कक्षा की अंकसूची (60% या अधिक अंक)
- उपस्थिति प्रमाण-पत्र (75% या अधिक उपस्थिति)
- आधार से लिंक बैंक पासबुक
- पासपोर्ट साइज फोटो
- प्रवेश प्रमाण-पत्र
- पूरा किया हुआ ऑनलाइन छात्रवृत्ति आवेदन
- संबंधित शैक्षणिक संस्था द्वारा निर्धारित आवश्यक सहायक दस्तावेज
- जमा किए गए ऑनलाइन आवेदन की हार्ड कॉपी
- संस्था स्तर पर सत्यापन के दौरान मांगी गई कोई अतिरिक्त जानकारी या दस्तावेज
आवेदन प्रक्रिया
उत्तर प्रदेश संस्कृत छात्रवृत्ति के लिए आवेदन प्रक्रिया ऑनलाइन आवेदन से शुरू होती है। इसके बाद आवेदन की हार्ड कॉपी संबंधित संस्था में जमा करनी होती है और फिर आवेदन निर्धारित संस्थागत और जिला स्तर की जांच प्रक्रिया से आगे बढ़ता है।
- सबसे पहले आधिकारिक छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति ऑनलाइन प्रणाली पर जाएं।
- होम पेज पर नीचे स्क्रॉल करके Sanskrit Scholarship (संस्कृत छात्रवृत्ति) विकल्प पर क्लिक करें।
- इसके बाद आप संस्कृत छात्रवृत्ति के मुख्य पेज पर पहुंच जाएंगे, जहां योजना से जुड़ी नवीनतम जानकारी और जरूरी अपडेट देख सकते हैं।
- नवीनतम जानकारी देखने के बाद Student Section में जाकर विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध विकल्प चुनें।
- Student-Students (छात्र-छात्राओं हेतु) सेक्शन में जाकर छात्र सेवाओं को एक्सेस करें।
- 2026–27 शैक्षणिक सत्र के लिए New Registration विकल्प चुनें।
- रजिस्ट्रेशन पेज पर उपलब्ध विकल्पों में से अपने लिए सही श्रेणी और कक्षा या कोर्स का चयन करें।
- जरूरी जानकारी भरकर रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया पूरी करें और अपनी रजिस्ट्रेशन संबंधी जानकारी प्राप्त करें।
- इसके बाद Student Section में वापस जाकर Login Fresh विकल्प चुनें।
- Student Login पेज पर अपना Registration ID, Password और Captcha Code दर्ज करके Login करें।
- लॉगिन करने के बाद आवेदन में अपनी जरूरी व्यक्तिगत, शैक्षणिक और संस्थागत जानकारी भरें।
- 2026–27 के लिए ऑनलाइन आवेदन 1 अगस्त 2026 से 31 अगस्त 2026 तक जमा किया जा सकता है।
- ऑनलाइन आवेदन जमा करने के बाद उसका प्रिंटआउट निकालें और आवश्यक दस्तावेजों के साथ संबंधित शैक्षणिक संस्था में जमा करें।
- इसके बाद संस्था आवेदन का सत्यापन करके उसे आगे भेजती है और आवेदन निर्धारित DIOS तथा जिला स्तर की सत्यापन और मंजूरी प्रक्रिया से गुजरता है।
आवेदन के बाद की प्रक्रिया
- ऑनलाइन आवेदन जमा करना केवल पहला चरण है। इसके बाद विद्यार्थी को आवेदन की हार्ड कॉपी और आवश्यक संलग्नक संबंधित संस्था में सत्यापन के लिए जमा करने होते हैं।
- संस्था के प्रधानाचार्य आवेदन का सत्यापन करके उसे आगे भेजते हैं और संस्था सत्यापित हार्ड कॉपी DIOS कार्यालय में जमा करती है।
- इसके बाद DIOS आवेदन का सत्यापन करके उसे ऑनलाइन आगे भेजता है।
- आवेदन को जिला समिति के सामने मंजूरी के लिए रखा जाता है। इसके बाद लाभार्थी का सत्यापन, पोर्टल पर समीक्षा और छात्रवृत्ति की मांग तैयार करने की प्रक्रिया होती है।
- इन सभी चरणों के पूरा होने के बाद शिक्षा निदेशालय निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार छात्रवृत्ति की राशि लाभार्थियों के खातों में भेजता है।
नोट: यह छात्रवृत्ति अपने आप नवीनीकृत नहीं होती। विद्यार्थियों को हर वर्ष निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार दोबारा आवेदन करना होता है। 75% उपस्थिति बनाए रखना और परीक्षा उत्तीर्ण करना जरूरी है।
2026–27 छात्रवृत्ति कार्यक्रम
आधिकारिक छात्रवृत्ति पोर्टल पर 2026–27 शैक्षणिक वर्ष के लिए संस्कृत छात्रवृत्ति योजना का विस्तृत कार्यक्रम दिया गया है। इसमें संस्था स्तर पर मास्टर डेटा तैयार करने से लेकर छात्र आवेदन, सत्यापन, मंजूरी और छात्रवृत्ति राशि के अंतिम भुगतान तक की समय-सीमा शामिल है।
प्रक्रिया | निर्धारित तिथि |
|---|---|
मास्टर डेटा लॉक करना | 1 जुलाई 2026 से 30 जुलाई 2026 |
DIOS सत्यापन और लॉकिंग | 2 जुलाई 2026 से 31 जुलाई 2026 |
छात्र ऑनलाइन आवेदन | 1 अगस्त 2026 से 31 अगस्त 2026 |
प्रधानाचार्य द्वारा सत्यापन/फॉरवर्ड/अपलोड | 1 सितंबर 2026 से 10 सितंबर 2026 |
DIOS कार्यालय में हार्ड कॉपी जमा करना | 11 सितंबर 2026 से 15 सितंबर 2026 |
DIOS सत्यापन/फॉरवर्ड | 16 सितंबर 2026 से 25 सितंबर 2026 |
जिला समिति को भेजना | 26 सितंबर 2026 से 30 सितंबर 2026 |
लाभार्थी सत्यापन/फॉरवर्ड | 1 अक्टूबर 2026 से 5 अक्टूबर 2026 |
पोर्टल समीक्षा | 6 अक्टूबर 2026 से 16 अक्टूबर 2026 |
डिमांड जनरेशन | 17 अक्टूबर 2026 से 20 अक्टूबर 2026 |
लाभार्थियों को राशि का हस्तांतरण | 21 अक्टूबर 2026 से 31 अक्टूबर 2026 |
महत्वपूर्ण लिंक
- उत्तर प्रदेश छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति ऑनलाइन प्रणाली
- उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा विभाग
- उत्तर प्रदेश संस्कृत छात्रवृत्ति योजना के दिशा-निर्देश
संपर्क जानकारी
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
उत्तर प्रदेश संस्कृत छात्रवृत्ति योजना संस्कृत की पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों को सरकार द्वारा वित्तीय सहायता प्रदान करती है।
छात्रों को उनकी शिक्षा के स्तर के अनुसार ₹50 से ₹250 प्रति माह तक छात्रवृत्ति दी जाती है।
अधिकतम छात्रवृत्ति ₹250 प्रति माह है। आचार्य (स्नातकोत्तर) स्तर के विद्यार्थियों को ₹250 प्रति माह दिए जाते हैं।
प्रथमा स्तर पर कक्षा 6 और 7 के विद्यार्थियों को ₹50 प्रति माह छात्रवृत्ति मिलती है।
आचार्य स्तर के विद्यार्थियों को ₹250 प्रति माह, यानी ₹3,000 प्रति वर्ष छात्रवृत्ति मिलती है।
विद्यार्थी आधिकारिक उत्तर प्रदेश छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति ऑनलाइन प्रणाली के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के बाद निर्धारित दस्तावेजों के साथ आवेदन की हार्ड कॉपी संबंधित संस्था में जमा करनी होती है।
2026–27 शैक्षणिक वर्ष के लिए ऑनलाइन आवेदन 1 अगस्त 2026 से 31 अगस्त 2026 तक किए जा सकते हैं।
नहीं। विद्यार्थियों को प्रत्येक वर्ष निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार दोबारा आवेदन करना होता है।
सत्यापन और अनुमोदन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद छात्रवृत्ति की राशि लाभार्थी के बैंक खाते में सीधे स्थानांतरित की जाती है।
विद्यार्थी योजना से संबंधित नवीनतम जानकारी और आवेदन संबंधी अपडेट आधिकारिक उत्तर प्रदेश संस्कृत छात्रवृत्ति पोर्टल पर देख सकते हैं।
अगर योजनाओं के बारे में आपका कोई सवाल है, तो उसे योजना के फोरम में सबमिट करें और जवाब पाएँ:
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यह फोरम निम्न कामों के लिए एक बेहतरीन जगह है:
- सवाल पूछें: अगर आपके मन में योजना से जुड़ा कोई सवाल है या आप इस विषय के किसी पहलू के बारे में और जानकारी चाहते हैं।
- योजना से जुडी अपनी बातें साझा करें: अपनी जानकारी और अनुभव शेयर करें।
- दूसरों से जुड़ें: कम्युनिटी से जुड़ें और दूसरों से सीखें।
हम आपको इस फ़ोरम में सक्रिय रूप से भाग लेने और इस बेहतरीन रिसोर्स का पूरा फ़ायदा उठाने के लिए प्रोत्साहित करते है।
| जाति | लाभार्थी व्यक्ति का प्रकार | योजना का प्रकार | सरकार |
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