दिव्यांग छात्रों के लिए टॉप क्लास शिक्षा छात्रवृत्ति योजना

author
द्वारा प्रस्तुत Minakshi on Fri, 25/09/2026 - 12:17
केन्द्रीय सरकार CM
Scheme Open
दिव्यांग छात्रों के लिए टॉप क्लास शिक्षा छात्रवृत्ति योजना
हाइलाइट
  • 40% या अधिक बेंचमार्क दिव्यांगता वाले पात्र छात्र आवेदन कर सकते हैं।
  • ट्यूशन और एडमिशन फीस के लिए सालाना ₹1.90 लाख तक सहायता।
  • हॉस्टल छात्रों को ₹3,000 प्रति माह और डे स्कॉलर को ₹1,500 प्रति माह मेंटेनेंस भत्ता।
  • कंप्यूटर/लैपटॉप के लिए ₹45,000 और सहायक उपकरणों के लिए ₹30,000 की एकमुश्त सहायता।
ग्राहक देखभाल फ़ोन नंबर
  • नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (NSP) हेल्पडेस्क
    • फोन: 01206619540 (सुबह 8:00 बजे से रात 8:00 बजे तक, सरकारी छुट्टियों को छोड़कर)
    • ईमेल: [email protected]
योजना का अवलोकन
योजना का नामदिव्यांग छात्रों के लिए टॉप क्लास शिक्षा छात्रवृत्ति योजना
शुरुआत2015-16
लाभट्यूशन फीस के लिए सालाना ₹1.90 लाख तक की सहायता, साथ ही मेंटेनेंस, दिव्यांगता भत्ता, किताबों, कंप्यूटर और सहायक उपकरणों के लिए सहायता
लाभार्थीबेंचमार्क दिव्यांगता वाले छात्र जो ग्रेजुएशन या पोस्ट-ग्रेजुएशन डिग्री/डिप्लोमा कोर्स कर रहे हैं
नोडल विभागदिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग (DEPwD), सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय
अपडेट पाने के लिएयोजना से जुड़े अपडेट पाने के लिए सब्सक्राइब करें
आवेदन का तरीकानेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (NSP) के जरिए ऑनलाइन

योजना के बारे में

उच्च शिक्षा से छात्रों के लिए करियर के नए रास्ते खुल सकते हैं, लेकिन ट्यूशन फीस, किताबें, रहने और दिव्यांगता से जुड़ी जरूरतों का खर्च कई छात्रों के लिए मुश्किल पैदा कर सकता है। दिव्यांग छात्रों के लिए टॉप क्लास शिक्षा छात्रवृत्ति का उद्देश्य ऐसे छात्रों की पढ़ाई का आर्थिक बोझ कम करना है। इसके तहत पात्र छात्रों को सरकार द्वारा तय किए गए इंस्टीट्यूट्स ऑफ एक्सीलेंस में फुल-टाइम ग्रेजुएशन और पोस्ट-ग्रेजुएशन डिग्री या डिप्लोमा कोर्स करने के लिए आर्थिक मदद दी जाती है। मौजूदा नियमों के अनुसार, पात्र छात्रों को ट्यूशन और एडमिशन फीस के लिए सालाना ₹1.90 लाख तक की सहायता मिल सकती है। इसके अलावा मेंटेनेंस भत्ता, दिव्यांगता से जुड़ा भत्ता, किताबों के लिए सहायता और पहले साल कंप्यूटर/लैपटॉप के लिए ₹45,000 तथा सहायक उपकरणों के लिए ₹30,000 की एकमुश्त सहायता मिल सकती है। इस योजना के तहत फ्रेश और रिन्यूअल छात्रों को मिलाकर 300 टॉप क्लास स्लॉट उपलब्ध हैं, जिनमें 50% स्लॉट महिला उम्मीदवारों के लिए रखे गए हैं।

यह छात्रवृत्ति केंद्रीय क्षेत्र की "स्कॉलरशिप्स फॉर स्टूडेंट्स विद डिसेबिलिटीज" योजना का एक हिस्सा है। इसे भारत सरकार के सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय के तहत दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग (DEPwD) द्वारा चलाया जाता है। इसमें 40% या उससे अधिक बेंचमार्क दिव्यांगता वाले छात्र आवेदन कर सकते हैं, जिनके माता-पिता या अभिभावक की सालाना आय ₹8 लाख तक है। इसके लिए छात्र को योजना की अन्य शर्तें भी पूरी करनी होंगी और किसी मान्यता प्राप्त इंस्टीट्यूट्स ऑफ एक्सीलेंस में पढ़ाई करनी होगी। आवेदन नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (NSP) के जरिए ऑनलाइन किया जाता है। 2026-27 शैक्षणिक वर्ष के लिए छात्र आवेदन की आखिरी तारीख 31 अक्टूबर 2026 है।

इस छात्रवृत्ति में केवल ट्यूशन फीस ही शामिल नहीं है। हॉस्टल में रहने वाले छात्रों को ₹3,000 प्रति माह और डे स्कॉलर छात्रों को ₹1,500 प्रति माह का मेंटेनेंस भत्ता मिल सकता है। इसके अलावा पात्र छात्रों के लिए ₹2,000 प्रति माह का दिव्यांगता से जुड़ा भत्ता और किताबों के लिए सालाना ₹5,000 की सहायता भी दी जाती है। कंप्यूटर/लैपटॉप और सहायक उपकरणों के लिए मिलने वाली राशि मौजूदा नियमों के अनुसार पहले साल एक बार दी जाती है। इस तरह यह योजना उन छात्रों के लिए पढ़ाई से जुड़े खर्च और दिव्यांगता से जुड़ी जरूरतों में मदद करती है जो किसी मान्यता प्राप्त प्रमुख संस्थान में उच्च शिक्षा ले रहे हैं।

दिव्यांग छात्रों के लिए शिक्षा से जुड़ी अन्य मदद के लिए आप दिव्यांगजन स्वावलंबन योजना और सक्षम छात्रवृत्ति योजना भी देख सकते हैं। दिव्यांगजन स्वावलंबन योजना स्व-रोजगार और आय बढ़ाने वाली गतिविधियां, उच्च शिक्षा, व्यावसायिक या कौशल विकास, के लिए है, जबकि सक्षम छात्रवृत्ति योजना AICTE से मान्यता प्राप्त तकनीकी डिग्री और डिप्लोमा कोर्स करने वाले पात्र दिव्यांग छात्रों को आर्थिक मदद देती है। दोनों योजनाओं की पात्रता और संस्थान से जुड़ी शर्तें अलग हैं, इसलिए आवेदन करने से पहले संबंधित नियम जरूर देखें।

योजना के लाभ

दिव्यांग छात्रों के लिए टॉप क्लास शिक्षा छात्रवृत्ति में पढ़ाई की फीस, रहने के खर्च, पढ़ाई की सामग्री और दिव्यांगता से जुड़ी जरूरतों के लिए आर्थिक मदद दी जाती है। पात्र छात्रों को मुख्य रूप से ये लाभ मिल सकते हैं:

  • ट्यूशन और एडमिशन फीस के लिए सालाना ₹1.90 लाख तक की सहायता मिल सकती है। यह वास्तविक पात्र फीस पर निर्भर करेगी।
  • हॉस्टल में रहने वाले छात्रों को ₹3,000 प्रति माह और डे स्कॉलर छात्रों को ₹1,500 प्रति माह का मेंटेनेंस भत्ता मिल सकता है।
  • रीडर, एस्कॉर्ट या हेल्पर जैसी जरूरतों के लिए पात्र छात्रों को ₹2,000 प्रति माह का दिव्यांगता से जुड़ा भत्ता मिल सकता है। यह छात्र की दिव्यांगता और जरूरत पर निर्भर करता है।
  • किताबों और स्टेशनरी के लिए सालाना ₹5,000 की सहायता मिल सकती है।
  • कंप्यूटर या लैपटॉप और उसके जरूरी सामान के लिए पहले साल ₹45,000 की एकमुश्त सहायता दी जाती है।
  • पात्र छात्रों को पहले साल सहायक उपकरणों के लिए ₹30,000 की एकमुश्त सहायता मिल सकती है।
  • लाइब्रेरी, खेल और मेडिकल जांच जैसी पात्र अनिवार्य फीस के लिए सालाना ₹10,000 तक की सहायता मिल सकती है।
  • यह छात्रवृत्ति फ्रेश और रिन्यूअल दोनों छात्रों के लिए है। हालांकि, कुल 300 स्लॉट और रिन्यूअल से जुड़ी शर्तें लागू होती हैं।
  • 50% उपलब्ध स्लॉट महिला उम्मीदवारों के लिए आरक्षित हैं।
  • छात्रवृत्ति की राशि Direct Benefit Transfer (DBT) के जरिए पात्र छात्र के बैंक खाते में भेजी जाती है।

टॉप क्लास शिक्षा छात्रवृत्ति के तहत आर्थिक सहायता

आर्थिक सहायता

राशि

ट्यूशन और एडमिशन फीस

सालाना ₹1.90 लाख तक

अनिवार्य अन्य फीस

सालाना ₹10,000 तक

हॉस्टल में रहने वाले छात्रों का मेंटेनेंस भत्ता

₹3,000 प्रति माह

डे स्कॉलर छात्रों का मेंटेनेंस भत्ता

₹1,500 प्रति माह

दिव्यांगता से जुड़ा भत्ता

₹2,000 प्रति माह

किताबें और स्टेशनरी

₹5,000 प्रति वर्ष

कंप्यूटर या लैपटॉप और सामान

पहले साल ₹45,000 एकमुश्त

सहायक उपकरण

पहले साल ₹30,000 एकमुश्त

छात्र को मिलने वाली वास्तविक राशि उसकी फीस, हॉस्टल या डे स्कॉलर स्थिति और अलग-अलग भत्तों के लिए उसकी पात्रता पर निर्भर करेगी। इसलिए ऊपर दी गई अधिकतम राशि को हर छात्र के लिए मिलने वाली तय सालाना राशि नहीं माना जाना चाहिए।

पात्रताएं

इस छात्रवृत्ति के लिए आवेदन करने से पहले छात्रों को अपनी दिव्यांगता, परिवार की आय, कोर्स और संस्थान से जुड़ी शर्तें जरूर जांच लेनी चाहिए। आवेदन के लिए मुख्य पात्रता इस प्रकार है:

  • आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए।
  • आवेदक के पास 40% या उससे अधिक बेंचमार्क दिव्यांगता होनी चाहिए और सक्षम अधिकारी द्वारा जारी वैध दिव्यांगता प्रमाण पत्र होना चाहिए।
  • नवीनतम नियमों के अनुसार आवेदक के पास वैध UDID कार्ड और आधार कार्ड होना चाहिए।
  • आवेदक किसी फुल-टाइम ग्रेजुएट या पोस्ट-ग्रेजुएट डिग्री या डिप्लोमा कोर्स में दाखिला लिया हुआ होना चाहिए।
  • कोर्स DEPwD द्वारा अधिसूचित Institute of Excellence में होना चाहिए।
  • आवेदक के माता-पिता या अभिभावक की सभी स्रोतों से सालाना आय ₹8 लाख से अधिक नहीं होनी चाहिए।
  • आवेदक एक ही समय पर किसी दूसरी छात्रवृत्ति या स्टाइपेंड का लाभ नहीं ले रहा होना चाहिए।
  • एक ही माता-पिता के अधिकतम दो दिव्यांग बच्चे इस योजना का लाभ ले सकते हैं। जुड़वा बच्चों के मामले में नियमों के अनुसार छूट लागू है।
  • डिस्टेंस लर्निंग, कॉरेस्पॉन्डेंस, पार्ट-टाइम या वीकेंड कोर्स के लिए यह छात्रवृत्ति नहीं मिलती है।
  • एक छात्र को एक ही कोर्स के लिए छात्रवृत्ति मिल सकती है और पात्रता पूरी होने पर कोर्स पूरा होने तक इसे हर साल रिन्यू किया जा सकता है।
  • सिर्फ पात्रता पूरी करने से छात्रवृत्ति मिलना तय नहीं होता, क्योंकि योजना में उपलब्ध स्लॉट की संख्या सीमित है।

आवश्यक दस्तावेज

आवेदन करने से पहले सभी जरूरी दस्तावेज और उनकी जानकारी तैयार रखना बेहतर होता है। इससे NSP पर फॉर्म भरने में आसानी होती है और दस्तावेजों की जांच के दौरान अनावश्यक देरी से बचा जा सकता है।

  • आधार कार्ड
  • वैध UDID कार्ड
  • 40% या उससे अधिक बेंचमार्क दिव्यांगता वाला दिव्यांगता प्रमाण पत्र
  • हाल की पासपोर्ट साइज फोटो
  • माता-पिता या अभिभावक का आय प्रमाण पत्र, जिसमें सालाना आय ₹8 लाख तक हो
  • उम्र का प्रमाण
  • पिछली योग्य परीक्षा की मार्कशीट या प्रमाण पत्र
  • जिस कोर्स में दाखिला लिया है, उसका एडमिशन प्रमाण या संबंधित दस्तावेज
  • ट्यूशन या एडमिशन फीस की जानकारी और लागू फीस रसीद
  • DBT के जरिए छात्रवृत्ति पाने के लिए बैंक खाते की जानकारी
  • आवेदन या दस्तावेजों की जांच के दौरान NSP द्वारा मांगा गया कोई अन्य दस्तावेज या जानकारी

छात्रों को यह भी देखना चाहिए कि उनका नाम, जन्म तिथि, दिव्यांगता से जुड़ी जानकारी और दूसरी जरूरी जानकारी सभी दस्तावेजों और NSP फॉर्म में एक जैसी हो। दस्तावेज अपलोड करते समय पोर्टल पर दिए गए फाइल फॉर्मेट और साइज के निर्देश भी जरूर देखें।

आवेदन प्रक्रिया

टॉप क्लास शिक्षा छात्रवृत्ति के लिए आवेदन नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (एनएसपी) पर ऑनलाइन किया जाता है। सबसे पहले वन टाइम रजिस्ट्रेशन (ओटीआर) पूरा करना होता है। इसके बाद उसी एनएसपी लॉगिन से छात्रवृत्ति के लिए आवेदन किया जाता है।

  • सबसे पहले नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (एनएसपी) खोलें। शैक्षणिक वर्ष 2026-27 के लिए छात्र आवेदन की आखिरी तारीख 31 अक्टूबर 2026 है।
  • छात्रवृत्ति का फॉर्म भरने से पहले अपना यूडीआईडी जरूर तैयार रखें। दिव्यांग छात्रों को यूडीआईडी पोर्टल पर लॉगिन करके अपनी यूडीआईडी जानकारी एनएसपी के साथ साझा करने की सहमति देनी होगी। आवेदन जमा करने से पहले यह सहमति देना जरूरी है।
  • इसके बाद एनएसपी पर वन टाइम रजिस्ट्रेशन (ओटीआर) पूरा करें। स्टूडेंट रजिस्ट्रेशन का विकल्प चुनें और स्क्रीन पर दिए गए निर्देशों के अनुसार रजिस्ट्रेशन करें। ओटीआर नंबर मिलने के बाद उसे सुरक्षित रखें, क्योंकि एनएसपी पर छात्रवृत्ति के लिए आवेदन करते समय इसकी जरूरत होगी।
  • ओटीआर बनने के बाद एनएसपी के स्टूडेंट लॉगिन विकल्प से लॉगिन करें और छात्रवृत्ति आवेदन खोलें।
  • स्कॉलरशिप सेक्शन में डिपार्टमेंट ऑफ एम्पावरमेंट ऑफ पर्सन्स विद डिसेबिलिटीज (डीईपीडब्ल्यूडी) के तहत स्कॉलरशिप फॉर टॉप क्लास एजुकेशन फॉर स्टूडेंट्स विद डिसेबिलिटीज को चुनें।
  • अपनी व्यक्तिगत जानकारी, दिव्यांगता से जुड़ी जानकारी, पढ़ाई, कोर्स, संस्थान, आय और बैंक खाते की जानकारी ध्यान से भरें। दी गई जानकारी आपके दस्तावेजों से मेल खानी चाहिए।
  • पोर्टल पर मांगे गए दस्तावेज अपलोड करें। इनमें दिव्यांगता प्रमाण पत्र, यूडीआईडी, आय प्रमाण पत्र, शैक्षणिक दस्तावेज और एडमिशन से जुड़े दस्तावेज शामिल हो सकते हैं।
  • फॉर्म जमा करने से पहले उसे एक बार पूरा जरूर जांचें। खासकर नाम, आधार की जानकारी, यूडीआईडी, कोर्स, संस्थान और बैंक खाते की जानकारी ध्यान से देखें। गलत जानकारी से दस्तावेजों की जांच या भुगतान में परेशानी हो सकती है।
  • फॉर्म आखिरी तारीख से पहले जमा करें। 2026-27 के लिए एनएसपी पर छात्र आवेदन की आखिरी तारीख 31 अक्टूबर 2026 दी गई है। आवेदन जमा करने से पहले एनएसपी का मौजूदा आवेदन शेड्यूल जरूर देख लें।
  • आवेदन जमा होने के बाद उसकी लागू प्रक्रिया के अनुसार जांच की जाती है। मौजूदा नियमों के अनुसार टॉप क्लास एजुकेशन स्कॉलरशिप के फ्रेश और रिन्यूअल आवेदन के लिए स्टेट नोडल ऑफिसर की जांच जरूरी नहीं है। छात्रों को अपने आवेदन में एनएसपी पर दिखाई गई सत्यापन संबंधी जानकारी और निर्देशों का पालन करना चाहिए।
  • आवेदन जमा करने के बाद अपनी आवेदन जानकारी और लॉगिन विवरण सुरक्षित रखें। एनएसपी पर आवेदन का स्टेटस देखा जा सकता है। छात्रवृत्ति मंजूर होने पर पात्र राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के जरिए छात्र के पात्र बैंक खाते में भेजी जाती है।

अगर ऑनलाइन आवेदन करने में परेशानी हो, तो नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) की मदद भी ली जा सकती है। एनएसपी के जरिए सीएससी पर ओटीआर बनाने और छात्रवृत्ति का पूरा फॉर्म जमा करने जैसी सेवाएं उपलब्ध हैं। इन सेवाओं के लिए लागू शुल्क देना पड़ सकता है।

चयन प्रक्रिया

इस छात्रवृत्ति में सीटों की संख्या सीमित है। इसलिए पात्रता पूरी करने वाले सभी छात्रों का चयन अपने आप नहीं होता। आवेदन तय मेरिट और सीट आवंटन के नियमों के आधार पर देखे जाते हैं।

  • फ्रेश और रिन्यूअल छात्रों को मिलाकर कुल 300 छात्रवृत्ति स्लॉट उपलब्ध हैं।
  • सबसे पहले रिन्यूअल आवेदनों पर विचार किया जाता है। इसके बाद बची हुई सीटों पर नए छात्रों का चयन किया जाता है।
  • फ्रेश आवेदन में दिव्यांगता प्रमाण पत्र में दर्ज दिव्यांगता प्रतिशत को मेरिट का मुख्य आधार माना जाता है।
  • स्पेसिफिक लर्निंग डिसेबिलिटी वाले छात्र के प्रमाण पत्र में 40% या उससे अधिक दिव्यांगता लिखी है, लेकिन सटीक प्रतिशत नहीं दिया गया है, तो चयन के लिए 40% दिव्यांगता मानी जाती है।
  • अगर दो छात्रों की मेरिट समान होती है, तो उम्र में बड़े छात्र को प्राथमिकता दी जाती है।
  • उपलब्ध सीटों में से 50% सीटें महिला छात्रों के लिए आरक्षित हैं। अगर इन सीटों पर पर्याप्त पात्र महिला उम्मीदवार नहीं मिलती हैं, तो बची हुई सीटें पात्र पुरुष उम्मीदवारों को दी जा सकती हैं।
  • राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के बीच सीटों का आवंटन योजना में दिए गए नियमों के अनुसार किया जाता है।
  • अगर पात्र छात्रों की संख्या उपलब्ध सीटों से अधिक होती है, तो चयन तय मेरिट और सीट आवंटन के नियमों के अनुसार किया जाता है।

इसलिए केवल पात्रता पूरी कर लेने से छात्रवृत्ति मिलना तय नहीं होता। अंतिम चयन उपलब्ध सीटों और लागू मेरिट नियमों पर निर्भर करता है।

रिन्यूअल प्रक्रिया

जिन छात्रों को पहले से यह छात्रवृत्ति मिल रही है, वे अपने कोर्स की बाकी अवधि के लिए इसे जारी रख सकते हैं, लेकिन उन्हें रिन्यूअल की शर्तें पूरी करनी होंगी। साथ ही, आवेदन विंडो खुलने पर NSP के जरिए रिन्यूअल आवेदन भी जमा करना होगा।

  • छात्र को उसी स्वीकृत कोर्स और संस्थान में पढ़ाई जारी रखनी होगी।
  • छात्र की उपस्थिति नियमित होनी चाहिए और उसका आचरण अच्छा होना चाहिए।
  • छात्र को छात्रवृत्ति जारी रखने के लिए जरूरी शैक्षणिक प्रगति और अगली कक्षा या वर्ष में प्रमोशन की शर्तें पूरी करनी होंगी।
  • योजना की शर्तें पूरी करने पर छात्रवृत्ति स्वीकृत कोर्स पूरा होने तक जारी रह सकती है।
  • एक ही शैक्षणिक वर्ष या कोर्स वर्ष के लिए छात्र को सामान्य रूप से दोबारा छात्रवृत्ति नहीं मिलती है।
  • अगर कोर्स या विषय बदला जाता है, तो लागू छात्रवृत्ति नियमों का पालन करना जरूरी है। नियमों के अनुसार अनुमति के बिना किया गया बदलाव छात्रवृत्ति को प्रभावित कर सकता है।
  • रिन्यूअल के लिए तय आवेदन अवधि के दौरान नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (NSP) पर लॉगिन करें और Renewal विकल्प चुनें।
  • रिन्यूअल फॉर्म में दिखाई गई जानकारी जांचें और जरूरत के अनुसार शैक्षणिक, कोर्स, संस्थान और बैंक खाते की जानकारी अपडेट करें।
  • रिन्यूअल आवेदन जमा करें और छात्रवृत्ति के लिए जरूरी वेरिफिकेशन प्रक्रिया पूरी करें।
  • अगर छात्र अब योजना की जरूरी शर्तें पूरी नहीं करता है या गलत जानकारी देता है, तो नियमों के अनुसार छात्रवृत्ति रोकी या रद्द की जा सकती है।

छात्रों को यह नहीं मानना चाहिए कि पिछले साल छात्रवृत्ति मिलने के बाद वह अपने आप जारी हो जाएगी। हर साल तय समय के अंदर NSP पर रिन्यूअल आवेदन जमा करना जरूरी है।

महत्वपूर्ण लिंक

संपर्क जानकारी

छात्रवृत्ति से जुड़ी सामान्य जानकारी के लिए सबसे पहले अपने संस्थान के नोडल ऑफिसर से संपर्क किया जा सकता है। अगर समस्या OTR, रजिस्ट्रेशन, आवेदन जमा करने या NSP पोर्टल से जुड़ी है, तो NSP हेल्पडेस्क से संपर्क करना बेहतर रहेगा।

नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (NSP) हेल्पडेस्क

  • फोन: 0120-6619540 (सुबह 8:00 बजे से रात 8:00 बजे तक, सरकारी छुट्टियों को छोड़कर)
  • ईमेल: [email protected]
  • PFMS Helpdesk: [email protected]
  • PFMS टोल-फ्री नंबर: 1800-118-111

दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग (DEPwD)

  • पता: 5वीं मंजिल, अंत्योदय भवन, सीजीओ कॉम्प्लेक्स, लोधी रोड, नई दिल्ली – 110003
  • ऑफिस फोन: 011-24365019
  • विभाग के अन्य संपर्क विवरण के लिए आधिकारिक DEPwD Telephone Directory देखें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

टॉप क्लास एजुकेशन स्कॉलरशिप दिव्यांग छात्रों के लिए उच्च शिक्षा से जुड़ी आर्थिक सहायता योजना है। इसके तहत पात्र छात्रों को अधिसूचित इंस्टीट्यूट्स ऑफ एक्सीलेंस में ग्रेजुएशन या पोस्ट-ग्रेजुएशन डिग्री/डिप्लोमा कोर्स के लिए आर्थिक सहायता दी जाती है।
 

40% या उससे अधिक बेंचमार्क दिव्यांगता वाले भारतीय छात्र आवेदन कर सकते हैं, यदि वे योजना की अन्य पात्रता शर्तें पूरी करते हैं और अधिसूचित इंस्टीट्यूट्स ऑफ एक्सीलेंस में पात्र फुल-टाइम कोर्स कर रहे हैं।
 

आवेदक के माता-पिता या अभिभावक की सभी स्रोतों से सालाना आय ₹8 लाख से अधिक नहीं होनी चाहिए।
 

पात्र छात्रों को ट्यूशन और एडमिशन फीस के लिए सालाना ₹1.90 लाख तक की सहायता मिल सकती है। इसके अलावा मेंटेनेंस भत्ता, दिव्यांगता भत्ता, किताबों, कंप्यूटर और सहायक उपकरणों के लिए भी निर्धारित सहायता दी जाती है।
 

हां। मौजूदा नियमों के अनुसार पात्र छात्रों के पास वैध UDID होना चाहिए। NSP पर आवेदन करने से पहले दिव्यांग छात्रों को UDID पोर्टल पर अपनी जानकारी साझा करने की सहमति भी देनी होती है।
 

आवेदन नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (NSP) के जरिए ऑनलाइन किया जाता है। आवेदन से पहले वन टाइम रजिस्ट्रेशन (OTR) पूरा करना जरूरी है।
 

शैक्षणिक वर्ष 2026-27 के लिए छात्र आवेदन की आखिरी तारीख 31 अक्टूबर 2026 है। आवेदन करने से पहले NSP पर मौजूदा शेड्यूल जरूर जांचना चाहिए।
 

फ्रेश और रिन्यूअल छात्रों को मिलाकर कुल 300 स्लॉट उपलब्ध हैं। इनमें 50% स्लॉट महिला उम्मीदवारों के लिए आरक्षित हैं।
 

हां। पात्र छात्र आवश्यक शैक्षणिक प्रगति, नियमित उपस्थिति, अच्छे आचरण और अन्य निर्धारित शर्तें पूरी करने पर कोर्स की अवधि के दौरान छात्रवृत्ति का रिन्यूअल करा सकते हैं।
 

स्वीकृत छात्रवृत्ति की पात्र राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से पात्र छात्र के बैंक खाते में भेजी जाती है।
 

अगर योजनाओं के बारे में आपका कोई सवाल है, तो उसे योजना के फोरम में सबमिट करें और जवाब पाएँ:

बेझिझक लिंक पर क्लिक करें और चर्चा में शामिल हों!

यह फोरम निम्न कामों के लिए एक बेहतरीन जगह है:

  • सवाल पूछें: अगर आपके मन में योजना से जुड़ा कोई सवाल है या आप इस विषय के किसी पहलू के बारे में और जानकारी चाहते हैं।
  • योजना से जुडी अपनी बातें साझा करें: अपनी जानकारी और अनुभव शेयर करें।
  • दूसरों से जुड़ें: कम्युनिटी से जुड़ें और दूसरों से सीखें।

हम आपको इस फ़ोरम में सक्रिय रूप से भाग लेने और इस बेहतरीन रिसोर्स का पूरा फ़ायदा उठाने के लिए प्रोत्साहित करते है।

नई टिप्पणी जोड़ें

सादा टेक्स्ट

  • No HTML tags allowed.
  • लाइन और पैराग्राफ स्वतः भंजन