राजस्थान सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना

द्वारा प्रस्तुत shivanibanduni… on Tue, 27/10/2026 - 12:58
Bhajan Lal Sharma CM Rajasthan
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सहरिया जनजाति छात्र छात्राओं को उच्च शिक्षा हेतु आर्थिक सहायता योजना इमेज
हाइलाइट
  • योजना में पात्र सहरिया विद्यार्थियों को सरकारी कॉलेज में पढ़ाई के लिए ₹20,000 प्रतिवर्ष की सहायता मिलती है।
  • इस सहायता में स्टेशनरी, कॉलेज फीस और रहने-खाने सहित दैनिक खर्चों के लिए राशि शामिल है।
  • आवेदक राजस्थान का मूल निवासी और बारां जिले की सहरिया जनजाति से संबंधित होना चाहिए।
ग्राहक देखभाल फ़ोन नंबर
योजना का अवलोकन
योजना का नामराजस्थान सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना
लाभउच्च शिक्षा के लिए प्रतिवर्ष ₹20,000 की आर्थिक सहायता
लाभार्थीसरकारी कॉलेजों में पढ़ने वाले सहरिया जनजाति के विद्यार्थी
नोडल विभागकॉलेज शिक्षा आयुक्तालय, राजस्थान
सब्सक्रिप्शनयोजना की निरंतर जानकारी के लिए यहाँ सब्सक्राइब करे।
आवेदन का तरीकाराजस्थान SSO पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन

योजना के बारे में

राराजस्थान सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना, राजस्थान सरकार के उच्च शिक्षा विभाग की एक वित्तीय सहायता योजना है। यह योजना सहरिया जनजाति के विद्यार्थियों के लिए शुरू की गई है। इसके अंतर्गत कॉलेज शिक्षा आयुक्तालय, राजस्थान, जयपुर द्वारा सरकारी कॉलेज में नियमित विद्यार्थी के रूप में पढ़ाई करने वाले प्रत्येक पात्र सहरिया विद्यार्थी को प्रतिवर्ष ₹20,000 की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। यह योजना वित्तीय वर्ष 2023-24 से संचालित है और इसका 100% खर्च राजस्थान सरकार वहन करती है।

इस योजना को शुरू करने का उद्देश्य सहरिया समुदाय के उन परिवारों की आर्थिक कठिनाइयों को कम करना है, जो आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण अपने बच्चों को उच्च शिक्षा नहीं दिला पाते। कॉलेज स्तर पर फीस और स्टेशनरी का खर्च बढ़ जाता है। इसके अलावा, गाँव से निकलकर किसी कस्बे या शहर में पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों के परिवारों के लिए कमरे का किराया और अन्य दैनिक खर्च उठाना भी मुश्किल हो सकता है। इस योजना के माध्यम से कॉलेज में नियमित रूप से पढ़ने वाले सहरिया समुदाय के छात्र-छात्राओं को आर्थिक सहायता दी जाती है, ताकि पैसों की कमी उनकी स्नातक या स्नातकोत्तर की पढ़ाई पूरी करने में बाधा न बने।

सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना के अंतर्गत प्रतिवर्ष मिलने वाली ₹20,000 की सहायता को तीन भागों में बाँटा गया है। इसमें स्टेशनरी खरीदने के लिए ₹1,000, कॉलेज फीस के लिए ₹2,000 और कमरे के किराए, भोजन तथा अन्य दैनिक खर्चों के लिए ₹17,000 शामिल हैं। कॉलेज में बीए/एमए की पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों को पहले, दूसरे और तीसरे वर्ष में ₹20,000 प्रतिवर्ष दिए जाते हैं। योजना का लाभ बारां जिले की सहरिया जनजाति के उन विद्यार्थियों को मिलता है, जो राजस्थान के मूल निवासी हों, जिनके पास वैध जन आधार कार्ड और आधार कार्ड हो तथा जिनके माता-पिता या अभिभावक आयकरदाता न हों। सरकारी छात्रावासों में रहने वाले विद्यार्थी इस योजना के लाभ के पात्र नहीं हैं।

योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है और आवेदन करने के लिए कोई शुल्क नहीं देना पड़ता। विद्यार्थी अपनी SSO ID से राजस्थान SSO पोर्टल पर लॉगिन करके 'Scholarship (CE)' विकल्प के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। इसके बाद संबंधित कॉलेज आवेदन और अपलोड किए गए दस्तावेजों का मूल दस्तावेजों से मिलान करके सत्यापन करता है और आवेदन को जिले के नोडल कॉलेज के पास भेजता है। स्वीकृति मिलने के बाद विभाग ऑनलाइन बिल तैयार करता है और कोषागार के माध्यम से राशि विद्यार्थी के जन आधार से जुड़े बैंक खाते में भेज दी जाती है।

कॉलेज शिक्षा आयुक्तालय, राजस्थान द्वारा सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना के अतिरिक्त इसी तरह की दो अन्य योजनाएँ भी संचालित की जाती हैं। इनमें सहरिया विद्यार्थियों के लिए बी.एड. प्रशिक्षण हेतु आर्थिक सहायता योजना शामिल है, जिसके अंतर्गत पात्र सहरिया विद्यार्थियों को बी.एड. पाठ्यक्रम की पढ़ाई के लिए आर्थिक सहायता दी जाती है। वहीं जनजाति छात्राओं को उच्च शिक्षा हेतु आर्थिक सहायता योजना के अंतर्गत पात्र जनजातीय छात्राओं को कॉलेज स्तर पर उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए वित्तीय सहायता दी जाती है। इच्छुक विद्यार्थी इन दोनों योजनाओं की विस्तृत जानकारी संबंधित आधिकारिक लिंक पर देख सकते हैं।

नवीनतम अपडेट

कॉलेज शिक्षा आयुक्तालय, राजस्थान ने सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना के शैक्षणिक सत्र 2026-27 के ऑनलाइन आवेदन 1 अक्टूबर 2026 से शुरू कर दिए हैं। पात्र विद्यार्थी 30 नवंबर 2026 तक आवेदन कर सकते हैं। विद्यार्थियों को सलाह दी जाती है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना राजस्थान SSO पोर्टल के माध्यम से समय रहते आवेदन प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि अंतिम समय में किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।

योजना के लाभ

राजस्थान सहरिया जनजाति के विद्यार्थियों के लिए उच्च शिक्षा हेतु आर्थिक सहायता योजना कॉलेज में पढ़ाई के दौरान होने वाले प्रमुख खर्चों को पूरा करने के लिए निश्चित वार्षिक वित्तीय सहायता प्रदान करती है। इसके प्रमुख लाभ निम्नलिखित हैं:

  • आर्थिक सहायता: स्टेशनरी, कॉलेज फीस और रहने-खाने सहित दैनिक खर्चों के लिए प्रति विद्यार्थी प्रतिवर्ष ₹20,000 की सहायता।
  • प्रत्येक वर्ष सहायता: बीए/एमए के विद्यार्थियों को पहले, दूसरे और तीसरे वर्ष में ₹20,000 प्रतिवर्ष मिलते हैं।
  • सीधा भुगतान: सहायता राशि विद्यार्थी के जन आधार से जुड़े बैंक खाते में सीधे भेजी जाती है।
  • निःशुल्क आवेदन: योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन करने पर कोई शुल्क नहीं देना पड़ता।

सहायता राशि का विवरण

निम्नलिखित तालिका में योजना के अंतर्गत मिलने वाली वार्षिक ₹20,000 की सहायता का विवरण दिया गया है।

सहायता का मदवार्षिक राशि
कुल सहायता राशि₹20,000
स्टेशनरी खरीदने के लिए₹1,000
कॉलेज फीस₹2,000
रहने-खाने एवं अन्य दैनिक खर्चों के लिए₹17,000

वर्ष के अनुसार सहायता राशि

कॉलेज में बीए/एमए की पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों को प्रत्येक वर्ष समान राशि प्रदान की जाती है।

अध्ययन का वर्षसहायता राशि
प्रथम वर्ष₹20,000
द्वितीय वर्ष₹20,000
तृतीय वर्ष₹20,000

पात्रताएं

सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना के अंतर्गत आर्थिक सहायता प्राप्त करने के लिए विद्यार्थियों को निम्नलिखित पात्रता शर्तें पूरी करनी होंगी।

  • विद्यार्थी राजस्थान के बारां जिले की सहरिया जनजाति से संबंधित होना चाहिए।
  • विद्यार्थी राजस्थान का मूल निवासी होना चाहिए।
  • विद्यार्थी किसी सरकारी कॉलेज में नियमित विद्यार्थी के रूप में अध्ययनरत होना चाहिए।
  • विद्यार्थी के माता-पिता, अभिभावक या संरक्षक आयकरदाता नहीं होने चाहिए।
  • विद्यार्थी के पास वैध जन आधार कार्ड और आधार कार्ड होना चाहिए।
  • जन आधार कार्ड में जाति, मूल निवास, बैंक खाते का विवरण और मोबाइल नंबर की जानकारी अद्यतन होनी चाहिए।

आवश्यक दस्तावेज

सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन करते समय विद्यार्थियों को निम्नलिखित दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे।

  • आधार कार्ड
  • पिछली कक्षा की अंकतालिका की प्रति
  • निर्धारित प्रारूप में स्व-घोषणा पत्र, जिसमें यह प्रमाणित किया गया हो कि विद्यार्थी के माता-पिता, अभिभावक या संरक्षक आयकरदाता नहीं हैं। इस घोषणापत्र पर सक्षम अधिकारी का सत्यापन होना चाहिए।
  • वर्तमान शिक्षण संस्थान की फीस रसीद
  • जन आधार कार्ड

आवेदन कैसे करें?

राजस्थान सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना के लिए केवल राजस्थान SSO पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन किया जा सकता है। विभाग ऑफलाइन आवेदन स्वीकार नहीं करता। आवेदन करने के लिए नीचे दिए गए चरणों का पालन करें।

  • राजस्थान SSO पोर्टल पर जाएँ।
  • होम पेज पर अपनी SSO ID और पासवर्ड से लॉगिन करें। यदि आपके पास SSO ID नहीं है, तो जन आधार या उपलब्ध अन्य विकल्प के माध्यम से पहले पंजीकरण करें।
  • Citizen App (G2C) में जाकर Scholarship (CE) आइकन पर क्लिक करें।
  • उपलब्ध छात्रवृत्ति योजनाओं की सूची में से राजस्थान सहरिया जनजाति छात्र/छात्राओं को उच्च शिक्षा ((कॉलेज शिक्षा) हेतु आर्थिक सहायता योजना का चयन करें।
  • अपनी व्यक्तिगत, शैक्षणिक और कॉलेज संबंधी जानकारी सावधानीपूर्वक भरें।
  • सत्यापित स्व-घोषणा पत्र, पिछली कक्षा की अंकतालिका और कॉलेज फीस रसीद अपलोड करें।
  • सभी विवरणों की जाँच करें और आवेदन जमा कर दें। भविष्य में आवेदन की स्थिति देखने के लिए आवेदन संख्या सुरक्षित रखें।

नोट: इस योजना के शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए आवेदन शुरू हो चुके हैं। आवेदन करने की अंतिम तिथि 30 नवंबर 2026 है। पात्र विद्यार्थियों को अंतिम तिथि से पहले आवेदन प्रक्रिया पूरी कर लेनी चाहिए।

आवेदन का सत्यापन एवं स्वीकृति प्रक्रिया

आवेदन जमा होने के बाद विद्यार्थी को सहायता राशि मिलने से पहले निम्नलिखित चरण पूरे किए जाते हैं।

  • कॉलेज स्तर पर सत्यापन: विद्यार्थी के कॉलेज का प्रमुख ऑनलाइन आवेदन की जाँच करता है और अपलोड किए गए दस्तावेजों का मूल दस्तावेजों से मिलान करके विवरणों का सत्यापन करता है।
  • नोडल कॉलेज को भेजना: संबंधित कॉलेज निर्धारित समय सीमा के भीतर सत्यापित आवेदन को ऑनलाइन अपने जिले के नोडल कॉलेज को भेजता है।
  • ऑनलाइन स्वीकृति: स्वीकृति देने वाला अधिकारी पात्र आवेदनों को ऑनलाइन मंजूरी देता है। यदि आवेदन अधूरा हो, तो सुधार के लिए उसे कॉलेज या विद्यार्थी के पास वापस भेजा जा सकता है।
  • भुगतान: स्वीकृत आवेदनों के लिए विभाग ऑनलाइन बिल तैयार करता है और कोषागार के माध्यम से सहायता राशि विद्यार्थी के जन आधार से जुड़े बैंक खाते में भेज दी जाती है।

महत्वपूर्ण सूचना: यदि ऑनलाइन आवेदन में किसी कमी के कारण विभाग आवेदन अस्वीकार कर देता है, तो इसकी जिम्मेदारी विद्यार्थी की होगी। इसलिए आवेदन सावधानीपूर्वक भरें और यदि आवेदन सुधार के लिए वापस भेजा जाता है, तो उसमें आवश्यक संशोधन शीघ्र करें।

यदि पोर्टल पर आपका कॉलेज दिखाई न दे तो क्या करें?

कुछ विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति पोर्टल पर अपने कॉलेज का नाम दिखाई नहीं दे सकता है। ऐसी स्थिति में विद्यार्थी अपने कॉलेज के रजिस्ट्रार या प्राचार्य से संपर्क करें और कॉलेज का पंजीकरण पूरा करके पोर्टल पर उसका विवरण अपडेट करने का अनुरोध करें। अपंजीकृत कॉलेजों के विद्यार्थी ऑनलाइन आवेदन नहीं कर सकते। कॉलेज का पंजीकरण पूरा कराने की जिम्मेदारी संबंधित कॉलेज की है।

भुगतान एवं DBT संबंधी जानकारी

ऑनलाइन स्वीकृति मिलने के बाद विभाग कोषागार के माध्यम से सहायता राशि सीधे विद्यार्थी के बैंक खाते में भेजता है।

  • बैंक खाता: सहायता राशि जन आधार से जुड़े बैंक खाते में भेजी जाती है।
  • KYC: लाभार्थी के बैंक खाते की KYC पूरी होनी चाहिए।
  • सक्रिय बैंक खाता: जन आधार से जुड़ा बैंक खाता बंद नहीं होना चाहिए।
  • विद्यार्थी का स्वयं का खाता: विद्यार्थियों को जन आधार में अपना बैंक खाता नंबर जोड़ना चाहिए। यदि विद्यार्थी अपना खाता नहीं जोड़ता है, तो छात्रवृत्ति की राशि जन आधार में दर्ज परिवार के मुखिया के बैंक खाते में भेजी जाएगी।

महत्वपूर्ण लिंक

संपर्क विवरण

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

यह राजस्थान सरकार की योजना है, जिसके तहत बारां जिले के पात्र सहरिया विद्यार्थियों को सरकारी कॉलेज में पढ़ाई के लिए स्टेशनरी, फीस और रहने-खाने के खर्च हेतु ₹20,000 प्रतिवर्ष दिए जाते हैं।

हाँ। कॉलेज में बीए/एमए की पढ़ाई करने वाले छात्रों को प्रथम, द्वितीय और तृतीय वर्ष में प्रत्येक वर्ष ₹20,000 की सहायता मिलती है।

नहीं। पढ़ाई के दौरान सरकारी छात्रावास में रहने वाले छात्र इस योजना का लाभ नहीं ले सकते।

आवेदन करने की अंतिम तिथि 30 नवंबर 2026 है। ऑनलाइन आवेदन 1 अक्टूबर 2026 से शुरू हुए थे।

नहीं। विद्यार्थी इस योजना के लिए निःशुल्क ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

नहीं। योजना का लाभ केवल सरकारी कॉलेजों में नियमित रूप से पढ़ने वाले विद्यार्थियों को मिलता है।

हाँ। वैध जन आधार कार्ड अनिवार्य है। इसमें जाति, मूल निवास, बैंक खाते और मोबाइल नंबर से संबंधित जानकारी अद्यतन होनी चाहिए।

कोषागार के माध्यम से राशि सीधे विद्यार्थी के जन आधार से जुड़े बैंक खाते में भेजी जाती है। इसके लिए बैंक खाते की KYC पूरी होनी चाहिए और खाता सक्रिय होना चाहिए।

यदि पोर्टल पर कॉलेज का नाम नहीं दिखता है, तो प्राचार्य या रजिस्ट्रार से संपर्क कर कॉलेज का पंजीकरण और विवरण अपडेट करवाएँ।

सबसे पहले आपके कॉलेज का प्रमुख आवेदन और दस्तावेजों का सत्यापन करता है तथा उसे जिले के नोडल कॉलेज को भेजता है। इसके बाद स्वीकृति देने वाला अधिकारी आवेदन को ऑनलाइन मंजूरी प्रदान करता है।

अगर योजनाओं के बारे में आपका कोई सवाल है, तो उसे योजना के फोरम में सबमिट करें और जवाब पाएँ:

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यह फोरम निम्न कामों के लिए एक बेहतरीन जगह है:

  • सवाल पूछें: अगर आपके मन में योजना से जुड़ा कोई सवाल है या आप इस विषय के किसी पहलू के बारे में और जानकारी चाहते हैं।
  • योजना से जुडी अपनी बातें साझा करें: अपनी जानकारी और अनुभव शेयर करें।
  • दूसरों से जुड़ें: कम्युनिटी से जुड़ें और दूसरों से सीखें।

हम आपको इस फ़ोरम में सक्रिय रूप से भाग लेने और इस बेहतरीन रिसोर्स का पूरा फ़ायदा उठाने के लिए प्रोत्साहित करते है।

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